बैंक में चिकित्सा परामर्शदाता (बीएमसी) की संविदा आधार पर प्रति घंटे नियत पारिश्रमिक पर नियोजन, कोलकाता - आरबीआई - Reserve Bank of India
बैंक में चिकित्सा परामर्शदाता (बीएमसी) की संविदा आधार पर प्रति घंटे नियत पारिश्रमिक पर नियोजन, कोलकाता
भारतीय रिज़र्व बैंक के कोलकाता– 700 001 स्थित भारतीय रिज़र्व बैंक (बैंक) के औषधालयों हेतु शुद्ध रूप से संविदा आधार पर तीन साल के लिए प्रति घंटा नियत पारिश्रमिक पर पार्ट टाइम चिकित्सा परामर्शदाता (बीएमसी) के 1 (एक) (अनुसूचित जनजाति) पद और 1 (एक) (अनारक्षित) पद को भरने के लिए पैनल तैयार करने हेतु पात्र उम्मीदवारों से आवेदन आमंत्रित किए जाते हैं । (ii) पात्र उम्मीदवार केवल अनुबंध-I में दिए गए प्रारूप में आवेदन कर सकते हैं। आवेदन सीलबंद लिफाफे में 16 अप्रैल 2024 को शाम 5.00 बजे या उससे पहले क्षेत्रीय निदेशक, मानव संसाधन प्रबंध विभाग, भर्ती अनुभाग, भारतीय रिजर्व बैंक, कोलकाता क्षेत्रीय कार्यालय, 15, एन.एस. रोड, कोलकाता- 700001 को प्राप्त हो जाना चाहिए। सीलबंद लिफाफे के ऊपर ‘चिकित्सा परामर्शदाता (बीएमसी) की संविदा आधार पर प्रति घंटे नियत पारिश्रमिक पर नियोजन का आवेदन' लिखा होना चाहिए। (iii) उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे इस विज्ञापन को अच्छी तरह से पढ़ें और आवेदन जमा करने से पहले अपनी पात्रता की जाँच कर लें। (iv) शुद्धिपत्र: कृपया ध्यान दें कि इस विज्ञापन पर जारी शुद्धिपत्र, यदि कोई हो, केवल बैंक की वेबसाइट www.rbi.org.in पर प्रकाशित किया जाएगा। 2. स्थान और कार्य घंटे (अनंतिम) इस प्रकार हैं:
3. पात्रता मानदंड: (i) आवेदक के पास भारतीय आयुर्विज्ञान परिषद द्वारा मान्यता प्राप्त किसी भी विश्वविद्यालय से एलोपैथी चिकित्सा पद्धति में कम से कम एमबीबीएस की डिग्री होनी चाहिए । (ii) जेनरल मेडिसीन में स्नातकोत्तर डिग्री वाले आवेदक भी आवेदन कर सकते हैं। (iii) आवेदक के पास चिकित्सक के रूप में किसी भी अस्पताल या क्लिनिक में एलोपैथिक चिकित्सा पद्धति का अभ्यास करने का न्यूनतम 02 (दो) वर्ष का अनुभव होना चाहिए। (iv) आवेदक का अपना औषधालय या निवास स्थान बैंक के औषधालयों से 10-15 किमी के दायरे में होना चाहिए। 4. पारिश्रमिक, ड्यूटी के घंटे और अन्य शर्तें: (i) संविदा की अवधि के दौरान ₹1000/- प्रति घंटे के पारिश्रमिक का भुगतान किया जाएगा। इस प्रकार देय मासिक पारिश्रमिक में से, प्रति माह ₹1000/- की राशि को वाहन खर्च माना जाएगा। इसके अलावा, ₹1000/- प्रति माह की दर से मोबाइल शुल्क की प्रतिपूर्ति की जाएगी। संविदा के आधार पर नियुक्त एमसी को कोई अन्य सुविधाएं/अनुलाभ देय नहीं होंगे। (ii) यह नियुक्ति पूर्ण रूप से संविदा आधार पर होगी। इस नियुक्ति के लिए आपको कोई भी सेवानिवृत्ति लाभ जैसे पेंशन, भविष्य निधि या ग्रेच्युटी देय नहीं होगी। साथ ही, कोई छुट्टी, अनुलाभ/सुविधाएं देय नहीं होंगी। यदि किसी सार्वजनिक अवकाश पर औषधालय में उपस्थित होने की आवश्यकता होती है, तो ₹1000/- प्रति घंटे की दर से प्रतिपूरक दिया जाएगा। (iii) पारिश्रमिक का भुगतान वास्तविक कार्य घंटों के अनुसार तय किया जाएगा और उसमें सभी कुछ शामिल होगा। (iv) भारतीय रिज़र्व बैंक के पास समय-समय पर पारिश्रमिक दर की समीक्षा करने एवं प्रशासनिक और परिचलनात्मक आवश्यकताओं के अनुसार अपने विवेकानुसार कार्य घंटों और औषधालय के स्थान को बदलने का अधिकार सुरक्षित है। औषधालय के परिवर्तन होने पर तदनुसार चिकित्सा परामर्शदाता के कार्य घंटों की संख्या में बदलाव किया जा सकता है । (v) नियुक्ति की संविदा तीन साल की अवधि के लिए होगी। संविदा की अवधि समाप्त होने पर नियुक्ति का नवीनीकरण नहीं किया जाएगा। (vi) बीएमसी के रूप में चुने गए डॉक्टरों को एक "स्व-घोषणा पत्र" जमा करना होगा, जिसमें कहा जाएगा कि उनके किसी भी वर्तमान नियोक्ता को बैंक के साथ उनके जुड़ाव पर कोई आपत्ति नहीं है। (vii) बीएमसी के रूप में चयनित डॉक्टरों को भी "अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी)" जमा करना होगा, यदि वह किसी अस्पताल/संगठन में सप्ताह में 30 घंटे से अधिक समय तक कार्यरत हैं।
5. चयन प्रक्रिया : (i) पात्र उम्मीदवारों का चयन साक्षात्कार के माध्यम से किया जाएगा। साक्षात्कार के लिए बुलाए जाने वाले उम्मीदवारों की संख्या को सीमित करने के लिए बैंक के पास न्यूनतम पात्रता मानकों आदि को बढ़ाने का अधिकार सुरक्षित है। इस संबंध में बैंक का निर्णय अंतिम होगा। बैंक उन आवेदकों से कोई पत्राचार नहीं करेगा, जिन्हें साक्षात्कार के लिए नहीं बुलाया गया है। (ii) साक्षात्कार के बाद शार्टलिस्ट किए गए आवेदक/कों का संविदा के आधार पर बैंक चिकित्सा परामर्शदाता (बीएमसी) के रूप में नियोजन के पूर्व निर्धारित मानदंडों पर चिकित्सा जाँच किया जाएगा और अन्य दस्तावेजों का सत्यापन भी होगा। (iii) पद के लिए चयनित उम्मीदवार की नियुक्ति चिकित्सकीय रूप से फिट पाये जाने और अनुबंध-II में दिए गए नियमों और शर्तों तथा अनुबंध-III में दिए गए आचार संहिता को स्वीकार करने के अधीन होगी। (iv) चयनित आवेदक को प्रति घंटा नियत पारिश्रमिक पर चिकित्सा परामर्शदाता (संविदा आधार पर) के रूप में नियोजन से पहले बैंक के साथ संविदा हेतु करार पर हस्ताक्षर करना होगा। अनुबंध - II चिकित्सा परामर्शदाता (संविदा आधार पर) की नियत प्रति घंटे पारिश्रमिक पर नियुक्ति – संविदा के नियम और शर्तें 1. एमओपीडी स्थित बैंक के औषधालय या अलीपुर/ एसपी कॉलोनी / साल्ट लेक / उल्टाडांगा / दमदम स्थित बैंक की किसी भी आवासीय कॉलोनी में रिज़र्व बैंक के अवकाश दिवसों को छोड़कर, इस शर्त के अधीन कि औषधालय लगातार दो दिनों तक बंद नहीं रखा जाएगा, जिसमें अर्द्धवार्षिक लेखाबंदी एवं वार्षिक लेखाबंदी के प्रयोजन से घोषित अवकाश दिवस शामिल नहीं है, विज्ञापन के पैरा 2 में यथा उल्लिखित निर्धारित कार्य-घंटों (या रिज़र्व बैंक द्वारा यथानिर्णीत अधिक अवधि के लिए) के दौरान उपस्थित होना । बैंक आवश्यकता पड़ने पर आवासीय कॉलोनियों/मुख्य कार्यालय परिसर में स्थित अपने अन्य औषधालयों में चिकित्सा परामर्शदाता की सेवाओं का उपयोग कर सकता है। 2. दौरे पर रहने वाले बैंक के स्टाफ सहित स्टाफ-सदस्यों को, उनके आश्रित माता-पिता और सेवानिवृत्त स्टाफ-सदस्यों सहित उनके परिवारों के सदस्यों को, जो चिकित्सा सहायता निधि योजना के सदस्य हैं, जो निर्धारित समय के दौरान आते हैं (बैंक द्वारा जब-कभी आवश्यक समझे जाने पर समय और/या अवधि में परिवर्तन हो सकता है), को मुफ्त परामर्श देना, दवाइयां लिखना और इंजेक्शन लगाना। आपको बैंक के कर्मचारियों के लिए अत्यावश्यक स्थिति में किसी भी समय अपने निजी क्लिनिक में अनुसूची में निर्धारित दरों पर शुल्क सहित परामर्श के लिए उपलब्ध रहना होगा। बैंक के कर्मचारियों/अधिकारियों पर लागू प्रभारों की अनुसूची अनुरोध पर चिकित्सा परामर्शदाता को उपलब्ध कराई जाएगी। 3. कर्मचारियों के उन रिश्तेदारों को जिन्हें बैंक के लीज़ फ्लैट में उनके साथ रहने की अनुमति दी गई है, ऊपर पैराग्राफ (2) में उल्लिखित सुविधाएं प्रदान करना और कर्मचारियों से शुल्क की वसूली बैंक द्वारा समय-समय पर निर्धारित दरों पर करके बैंक के खाते में जमा कराने में सहयोग करना। 4. चिकित्सा परामर्शदाता को जेनेरल मेडिकल प्रैक्टिशनर के सदृश कर्तव्यों का निर्वहन करना होगा, चाहे उसके पास कोई भी योग्यता (स्नातकोत्तर या अन्य चिकित्सा अर्हताएँ) हो या उसके द्वारा भविष्य में प्राप्त की जा सकती हो। चिकित्सा परामर्शदाता का यह कर्त्तव्य होगा कि वह यह सुनिश्चित करें कि मौज़ूद अर्हताएँ या उनके द्वारा भविष्य में अर्जित अर्हताएँ उन्हें जेनेरल मेडिकल प्रैक्टिशनर से अपेक्षित सेवाओं को प्रदान करने में किसी भी प्रकार से बाधक न बने तथा यदि इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की किसी भी शर्त के अनुसार, उनकी वर्तमान या भविष्य में अर्जित अर्हताएँ, जैसा भी मामला हो, जेनेरल प्रैक्टिशनर के रूप में कार्य करने के लिए बैंक की अपेक्षाओं के अनुरूप नहीं रहते हैं, तो उन्हें यह सुनिश्चित करना होगा कि इस वजह से किसी भी परिस्थिति में बैंक की कोई देयता या जिम्मेदारी नहीं होती और इसके लिए आप बैंक को क्षतिपूर्ति करेंगे एवं क्षतिपूर्ति करने की प्रतिबद्धता को कायम रखेंगे। 5. ऊपर उल्लिखित अन्य अपेक्षाओं के अलावा भारतीय रिज़र्व बैंक औषधालय में चिकित्सा परामर्शदाता के कर्तव्यों में निम्नलिखित भी शामिल होंगे: (i) छोटी और बड़ी बीमारी का इलाज जिसके लिए कर्मचारी और उनके आश्रित चिकित्सा परामर्शदाता पास जाएं। (ii) आपके सामान्य कामकाजी घंटों के बाद भी आवश्यकता पड़ने पर विभागों में या बैंक के परिसर में या बैंक के परिसर के बाहर घटित आपातकालीन मामलों में उपचार करना और उचित अस्पताल में रेफर करना। (iii) सभी प्रकार के इंजेक्शन लगाना - सभी प्रकार के इंजेक्शनों को लगाने में होने वाले किसी अवांछित रिएक्शन की जिम्मेदारी चिकित्सा परामर्शदाता की होगी। नियमानुसार, चिकित्सा परामर्शदाता की अनुपस्थिति में फार्मासिस्टों द्वारा इंजेक्शन न लगवाया जाए । कार्य का दवाब होने की स्थिति में चिकित्सा परामर्शदाता द्वारा फार्मासिस्टों को नियमित और सरल प्रकार के इंजेक्शन लगाने का प्रशिक्षण प्रदान करना। (iv) महत्वपूर्ण ड्रेसिंग और मामूली सर्जरी केवल चिकित्सा परामर्शदाता द्वारा ही की जानी चाहिए। यदि वे आश्वस्त है कि फार्मासिस्टों के पास अपेक्षित क्षमता है, तो उनके द्वारा नियमित ड्रेसिंग करवाई जा सकती है। 6. बैंक द्वारा जब भी आवश्यक हो, ऐसा करने के लिए कहे जाने पर बैंक के आवासीय कॉलोनियों में रहने वाले बैंक के किसी भी स्टाफ सदस्य के इलाज हेतु उनके निवास का दौरा करना और उसके स्वास्थ्य संबंधी रिपोर्ट प्रस्तुत करना। ऐसे दौरों के लिए बैंक द्वारा तय दरों की अनुसूची के अनुसार बैंक चिकित्सा परामर्शदाता को विजिट शुल्क का भुगतान किया जाएगा। 7. चिकित्सा आधार पर छुट्टी के समर्थन में, जब भी आवश्यक हो, प्रमाण पत्र जारी करना और मामले की यथार्थता के बारे में संतुष्ट होने पर अन्य योग्य मेडिकल प्रैक्टिशनर से प्राप्त प्रमाणपत्र कर्मचारियों द्वारा दिये जाने पर उन पर प्रतिहस्ताक्षरित करना । 8. अधिकारियों और उनके परिवार के सदस्यों द्वारा आवश्यकता पड़ने पर उनके निवास पर जाना होगा और इसके लिए आप विज़िट शुल्क या परामर्श शुल्क, जैसा कि बैंक द्वारा स्थानीय परिस्थितियों के संबंध में निर्धारित किया गया है, लेने के हकदार होंगे। इस निर्धारित विज़िट शुल्क/परामर्श शुल्क में इंजेक्शन लगाना आदि का शुल्क भी शामिल होगा। ऐसे दौरों के लिए चिकित्सा परामर्शदाता द्वारा कोई अन्य शुल्क की मांग नहीं की जानी चाहिए। 9. यदि और जब ऐसा करने की अपेक्षा व्यक्त की जाती है तो चिकित्सा परामर्शदाता को समय-समय पर, बैंक द्वारा निर्धारित किए गए ऐसे फार्म में, बैंक के किसी भी कार्यालय में नियुक्ति के लिए चुने जा सकने वाले किसी भी कर्मचारी या किसी संभावित कर्मचारी के स्वास्थ्य की स्थिति और/या सेवा के लिए फिटनेस को प्रमाणित करना होगा। 10. बैंक कर्मचारियों के रोग निवारण के उद्देश्य से आवश्यक विशेष/महंगी दवाओं या इंजेक्शन की आपूर्ति के लिए बैंक के अनुमोदित केमिस्टों को आदेश प्रपत्र (निर्धारित) जारी करना और संबंधित बिलों के भुगतान के लिए बैंक को उनकी प्रतियां अग्रेषित करना। 11. चिकित्सा परामर्शदाता को अपनी पहचान का उपयोग कर बैंक के कर्मचारियों या उनके परिवारों के लिए आवश्यक अस्पताल सुविधाओं (प्रत्यक्ष निपटान सुविधा के तहत इनडोर हॉस्पिटलाइज़ेशन के लिए) को उपलब्ध कराने में आवश्यक सहयोग प्रदान करना होगा। 12. महीने में एक बार कार्यालय परिसर/ स्टाफ आवासों और अधिकारी आवासों का निरीक्षण करना और यह रिपोर्ट करना कि क्या उन्हें स्वच्छ स्थिति में रखा जाता है। 13. जब भी आवश्यक हो टाइफाइड आदि के लिए रोगनिरोधी टीका और छोटे चेचक के लिए टीकाकरण करना। 14. कर्मचारियों के सामान्य स्वास्थ्य के संबंध में निर्धारित फार्म में हर साल 30 जून तक वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करना। 15. दवाओं के उचित भंडारण और उनके वितरण के लिए जिम्मेदार होगा और इसके लिए सभी आवश्यक अभिलेखों के रखरखाव की व्यवस्था करेगा। 16. चिकित्सा परामर्शदाता को दवा मांगपत्रों के संबंध में सलाह देने और दवा स्टॉक-बैलेंस और खपत को काउंटर-चेक करना होगा । 17. चिकित्सा दावों के विभिन्न मदों के संबंध में उपचार की लागत के बारे में, जब भी चिकित्सा परामर्शदाता को भेजा जाए, उस पर औचित्यपूर्ण पेशेवर राय देना होगा। 18. बैंक की चिकित्सा सुविधा योजना और औषधालय सुविधा सहित चिकित्सा सहायता निधि योजना के क्रियान्वयन से संबंधित बैंक द्वारा समय-समय पर सौंपे गए किसी अन्य कार्य को भी करना होगा जैसा कि आम तौर पर जेनरल मेडिकल प्रैक्टिशनर द्वारा किया जाता है / किया जाना आवश्यक है । 19. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता द्वारा सेवाएँ प्रदान करने के लिए, संविदा के तीन वर्षो के लिए पारिश्रमिक ₹1000/- रुपये प्रति घंटा निर्धारित है। यह निर्धारित पारिश्रमिक मासिक आधार पर देय है। इसके अलावा, बैंक चिकित्सा परामर्शदाता पेंशन, भविष्य निधि या ग्रेच्युटी के रूप में कोई सेवानिवृत्ति लाभ के लिए पात्र नहीं होंगे। बैंक चिकित्सा परामर्शदाता कोई अवकाश या कोई अन्य परिलब्धियों/सुविधाओं के भी हकदार नहीं होंगे। यदि किसी सार्वजनिक छुट्टी में बैंक का दौरा करने की आवश्यकता हुई तो रु.1000/- प्रति घंटे की दर से क्षतिपूर्ति का भुगतान किया जाएगा। 20. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता ड्यूटी से अनुपस्थित रहने की स्थिति में, उन्हें अपने जोखिम और लागत पर, योग्यता और अनुभव के संदर्भ में बैंक को स्वीकार्य विकल्प पर डॉक्टर/रों की व्यवस्था करनी होगी। 21.बैंक चिकित्सा परामर्शदाता भारतीय रिज़र्व बैंक, कोलकाता कार्यालय के क्षेत्रीय निदेशक के प्रशासनिक नियंत्रण में होंगे। 22. संविदा के तहत नियोजन शुद्ध अस्थायी और नियत घंटे के आधार पर है। बैंक के नियमित कर्मचारियों को देय वेतन एवं भत्तों के लिए या इस आधार पर नियमित रूप से रोजगार के लिए कोई भी दावा किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगा । 23. बैंक प्रशासनिक और परिचालनात्मक आवश्यकताओं के अनुसार समय-समय पर स्वविवेक से पारिश्रमिक-दर की समीक्षा करने और कार्य के घंटे और औषधालय स्थान बदलने का अधिकार सुरक्षित रखता है। 24. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता को इसके साथ संलग्न अनुबंध -III में दी गई आचार संहिता का पालन करना होगा। 25. यह संविदा उपरोक्त नियमों और शर्तों को स्वीकार करने के अधीन, आपके नियोजन की तारीख से तीन (3) वर्षों की अवधि के लिए मान्य होगी। 26. संविदा की अवधि के दौरान संविदा को किसी भी तरफ से तीन महीने के नोटिस पर या उसके एवज में तीन महीने के पारिश्रमिक पर समाप्त किया जा सकता है। नोटिस अवधि के दौरान चिकित्सा परामर्शदाता अपने संविदात्मक दायित्वों का निर्वहन करना जारी रखेगा जब तक कि बैंक द्वारा विशेष रूप से छूट नहीं दी जाती है। 27. किसी भी नियम और शर्तों के उल्लंघन के मामले में, बैंक बिना कोई कारण बताए और बिना मुआवजे किसी भी दावे के चिकित्सा परामर्शदाता के संविदा को तुरंत समाप्त करने का अधिकार सुरक्षित रखता है। 28. संविदा के कारण उत्पन्न कोई भी विवाद कोलकाता के न्यायालयों के अधिकार क्षेत्र के अधीन होगा।
चिकित्सा परामर्शदाता (संविदा आधार पर) की प्रति घंटे नियत पारिश्रमिक पर नियोजन - आचार संहिता
1. बैंक के प्रत्येक चिकित्सा परामर्शदाता को उन सभी आदेशों और निर्देशों का पालन और अनुपालन करना होगा, जो समय-समय पर उन्हें किसी व्यक्ति या व्यक्तियों द्वारा दिया जा सकता है, जिसके अधिकार क्षेत्र, अधीक्षण या नियंत्रण में उन्हें रखा जाता है। 2. बैंक के प्रत्येक चिकित्सा परामर्शदाता बैंक के कार्यकलापों और उसके घटकों के कार्यकलापों के बारे में सख्त गोपनीयता बनाए रखेगा और प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से, गोपनीय प्रकृति की किसी भी जानकारी को जनता के किसी भी सदस्य या बैंक के कर्मचारियों को तब तक नहीं देगा, जब तक कि न्यायिक या अन्य प्राधिकरण द्वारा ऐसा करने के लिए बाध्य नहीं किया जाता है या जब तक उसके कर्तव्यों के निर्वहन में एक वरिष्ठ सक्षम अधिकारी द्वारा ऐसा करने का निर्देश नहीं दिया जाता है। बैंक का कोई भी चिकित्सा परामर्शदाता बैंक से लिखित में पूर्व मंजूरी के बिना भारतीय रिज़र्व बैंक के कार्यकलापों के संबंध में प्रेस में योगदान नहीं देगा या ऐसे किसी भी दस्तावेज, कागज या जानकारी को प्रकाशित नहीं करेगा जो बैंक के चिकित्सा परामर्शदाता के रूप में उसके कब्जे में आ सकती है। चिकित्सा परामर्शदाता रोगी की गोपनीयता भी बनाए रखेगें और किसी बाहरी व्यक्ति/तीसरे पक्ष के साथ रोगी के प्रोफ़ाइल साझा नहीं रखेगें । गोपनीयता की आवश्यकता चिरस्थायी होगी और संविदा की समाप्ति के बाद भी बनी रहेगी। बैंक चिकित्सा परामर्शदाता किसी भी गोपनीय जानकारी के प्रकटीकरण के परिणामस्वरूप बैंक को हुई क्षति के लिए क्षतिपूर्ति करेगा। 3. बैंक का प्रत्येक चिकित्सा परामर्शदाता ईमानदारी से और विश्वसनीयता के साथ बैंक की सेवा करेगा और बैंक के हितों को आगे ले जाने के लिए अपना संपूर्ण प्रयास करेगा और सभी कार्यों में शिष्टाचार और सावधानी बरतेगा। 4. बैंक का कोई भी चिकित्सा परामर्शदाता अपने कार्यकाल के दौरान राजनीति या किसी राजनीतिक प्रदर्शन में सक्रिय रूप से भाग नहीं लेगा या किसी नगर परिषद, जिला बोर्ड या किसी विधायी निकाय के सदस्य के रूप में चुनाव के लिए खड़ा नहीं होगा। 5. बैंक का कोई भी चिकित्सा परामर्शदाता किसी भी ट्रेड यूनियन या इस तरह के ट्रेड यूनियन के फेडेरेशन का सदस्य या पदाधिकारी नहीं बनेगा या बने रहेगा या अन्यथा प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप इनसे नहीं जुड़ेगा या किसी भी तरह के हड़ताल के लिए नहीं उकसाएगा या संविदा के अपने निबंधन और शर्तों से संबंधित किसी भी मामले के संबंध में किसी भी हिंसक, अनुचित या अभद्र प्रदर्शन में भाग नहीं लेगा। 6. कोई भी बैंक का चिकित्सा सलाहकार बैंक से लिखित रूप में पूर्व अनुमति के बिना भारतीय रिजर्व बैंक के मामलों से संबंधित कुछ भी प्रेस में योगदान नहीं करेगा या कोई ऐसा दस्तावेज, पत्र या सूचना प्रकाशित नहीं करेगा जो बैंक के चिकित्सा सलाहकार के रूप में अपनी क्षमता में उसके कब्जे में आ सकता है। बैंक का मेडिकल कंसल्टेंट किसी भी गोपनीय सूचना के खुलासे के परिणामस्वरूप बैंक को हुए नुकसान के लिए बैंक को क्षतिपूर्ति करेगा। 7. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता किसी भी कर्मचारी/ आगंतुक से कोई उपहार नहीं मांगेगा और न ही स्वीकार करेगा। 8. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता बैंक की अनुमति के बिना और अपनी अनुपस्थिति के दौरान बैंक को स्वीकार्य वैकल्पिक व्यवस्था किए बिना अपनी ड्यूटी से अनुपस्थित नहीं होगा। ऐसी वैकल्पिक व्यवस्था एक समय में 5 दिनों से अधिक नहीं होगी। 9. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता बैंक को दी जाने वाली अपनी सेवा आउटसोर्स/उप-ठेका नहीं करेगा। 10. चिकित्सा परामर्शदाता ड्यूटी पर रहते हुए किसी भी नशीले पेय या ड्रग का सेवन नहीं करेंगे/करेंगी और यह भी ध्यान रखेंगे कि इस तरह के पेय या ड्रग के प्रभाव से किसी भी समय उसके/उसकी कर्तव्यों का निर्वहन किसी भी तरह से बाधित न हो। इसके अलावा, चिकित्सा परामर्शदाता सार्वजनिक स्थान पर नशीले पेय का सेवन करने से दूर रहेंगे । स्पष्टीकरण: शब्द "सार्वजनिक स्थान" में वे क्लब भी, जो विशेष रूप से सदस्यों के लिए होता है जहां सदस्यों को मेहमानों के रूप में गैर-सदस्यों को आमंत्रित करने की अनुमति होती है, बार और रेस्तरां, सार्वजनिक वाहन और अन्य सभी स्थानों, जहां जनता, भुगतान कर या अन्यथा, जा सकती है या जाने की अनुमति है, शामिल हैं । 11. बैंक का कोई भी चिकित्सा परामर्शदाता कार्यस्थल पर किसी भी महिला कर्मचारी के यौन उत्पीड़न के किसी भी कृत्य में लिप्त नहीं होगा। स्पष्टीकरण: इस उद्देश्य के लिए ‘यौन उत्पीडन’ चाहे प्रत्यक्ष या निहितार्थ के रूप में किया गया हो, में निम्नलिखित अप्रिय यौन संबंधी व्यवहार शामिल होंगे, जैसे – (क) शारीरिक संपर्क और चेस्टाएं, (ख) शारीरिक संबंध बनाने की मांग या अनुरोध, (ग) यौन संबंधी अश्लील टिप्पणी, (घ) पोर्नोग्राफी दिखाना, (ङ) इसके अतिरिक्त, कोई भी अन्य अवांछित शारीरिक, मौखिक या गैर-मौखिक यौन प्रकृति का आचरण, ऐसी सभी परिभाषाएं / व्याख्याएं जो क़ानून अथवा विधियों में लागू है। 12. यदि बैंक चिकित्सा परामर्शदाता को कर्ज के लिए या आपराधिक आरोप में गिरफ्तार किया जाता है या कानून की किसी प्रक्रिया के अनुसरण में हिरासत में लिया जाता है, तो संविदा को समाप्त किया जा सकता है। 13. बैंक चिकित्सा परामर्शदाता मेडिकल, सर्जिकल या अन्य उपचार के लिए किसी भी मरीज को रेफर करने, उसकी सिफारिश करने या प्राप्त करने के लिए ग्रेच्युटी, कमीशन या बोनस के रूप में कोई भी उपहार नहीं देगा, नहीं मांगेगा या नहीं लेगा और न ही देने, मांगने या लेने का प्रस्ताव देगा। वह मेडिकल, सर्जिकल या अन्य उपचार के लिए किसी भी शुल्क के विभाजन, हस्तांतरण, असाइनमेंट, सबोर्डिनेशन, छूट, बंटवारे या धनवापसी के कार्य करने के लिए प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से भाग नहीं लेगा या उसका हिस्सा नहीं होगा। 14. ऊपर 12 में दिए गए प्रावधान उनके या किसी व्यक्ति द्वारा डायग्नोसिस उद्देश्यों या अन्य अध्ययन / कार्य के लिए नमूना या सामग्री रेफर करने, सिफारिश करने या खरीद करने के लिए समान बल के साथ लागू होंगे। 15. यदि बैंक का कोई चिकित्सा परामर्शदाता उपरोक्त उल्लिखित बैंक के आचार संहिता का उल्लंघन करता है या उसके द्वारा स्वीकार किए गए संविदा के निबंधन और शर्तों को भंग करता है, लापरवाही, अक्षमता या अशिष्टता प्रदर्शित करता है, या जानबूझकर कुछ ऐसा करता है जो बैंक के हितों के लिए नुकसानदेह है या उसके निर्देशों के साथ विरोधाभासी है या दुराचार के किसी अन्य कार्य के लिए दोषी है तो संविदा को समाप्त किया जा सकता है। |