आस्ति पुनर्निर्माण कंपनियों पर समिति ने हितधारकों से विचार और सुझाव आंमत्रित किए
28 अप्रैल 2021 आस्ति पुनर्निर्माण कंपनियों पर समिति ने हितधारकों से विचार और सुझाव आंमत्रित किए 7 अप्रैल 2021 को मौद्रिक नीति वक्तव्य के साथ जारी विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य के एक भाग के रूप में, भारतीय रिज़र्व बैंक ने वित्तीय क्षेत्र के पारिस्थितिक तंत्र में एआरसी के कार्य की व्यापक समीक्षा करने और वित्तीय क्षेत्र की बढ़ती आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए ऐसी संस्थाओं को सक्षम बनाने में उपयुक्त उपायों की सिफारिश करने के लिए एक समिति की स्थापना करने की घोषणा की थी। तदनुसार, श्री सुदर्शन सेन, भारतीय रिज़र्व बैंक के पूर्व कार्यपालक निदेशक, की अध्यक्षता में समिति का गठन से संबंधित प्रेस प्रकाशनी दिनांक 19 अप्रैल 2021 को जारी की गई। 2. समिति के विचारार्थ विषय निम्नानुसार होंगे: (i) एआरसी पर लागू मौजूदा कानूनी और विनियामक ढांचे की समीक्षा और एआरसी की प्रभावकारिता में सुधार के उपायों की सिफारिश करना; (ii) दिवालिया एवं शोधन अक्षमता कोड (आईबीसी), 2016 सहित तनावग्रस्त परिसंपत्तियों के समाधान में एआरसी की भूमिका की समीक्षा; (iii) प्रतिभूति प्राप्तियों की चलनिधि और व्यापार में सुधार के सुझाव; (iv) एआरसी के कारोबार मॉडल की समीक्षा; (v) एआरसी के कामकाज, पारदर्शिता और सुशासन से संबंधित कोई अन्य मामला। समिति एआरसी, बाजार सहभागियों और अन्य हितधारकों से उपरोक्त पहलुओं पर विचार और सुझाव आमंत्रित करती है। इन्हें ईमेल पर ‘सुझाव - एआरसी पर समिति’ विषय के साथ 31 मई 2021 तक भेजा जा सकता है। (योगेश दयाल) प्रेस प्रकाशनी: 2021-2022/122 |
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