वित्तीय वर्ष 2024-25 की दूसरी छमाही (अप्रैल- सितंबर 2024) के लिए भारत सरकार की अर्थोपाय अग्रिम सीमा
|
भारत सरकार के परामर्श से यह निर्णय लिया गया है कि वित्तीय वर्ष 2024-25 की पहली छमाही (अप्रैल से सितंबर 2024) के लिए अर्थोपाय अग्रिम (डब्ल्यूएमए) की सीमा ₹1,50,000 करोड़ होगी। जब भारत सरकार अर्थोपाय अग्रिम सीमा के 75 प्रतिशत का उपयोग कर लेगी तब भारतीय रिज़र्व बैंक नए बाजार ऋणों को जारी कर सकता है। भारतीय रिज़र्व बैंक मौजूदा परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए भारत सरकार के परामर्श से किसी भी समय, सीमा को संशोधित करने की छूट अपने पास रखता है।
अर्थोपाय अग्रिम/ ओवरड्राफ्ट पर ब्याज दर निम्नानुसार होगी:
(योगेश दयाल) प्रेस प्रकाशनी: 2023-2024/2136
|
पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: