प्रेस प्रकाशनियां
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश सं. CDG.DOS.RSG.No.S1645/16-03-46/2022-23 द्वारा इंपीरियल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, जालंधर को 10 मार्च 2023 की कारोबार की समाप्ति से 10 सितंबर 2023 तक छह माह के लिए निदेशाधीन रखा था, जिसकी वैधता अवधि को पिछली बार दिनांक 5 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-79/12.28.319/2024-25 द्वारा 10 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश सं. CDG.DOS.RSG.No.S1645/16-03-46/2022-23 द्वारा इंपीरियल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, जालंधर को 10 मार्च 2023 की कारोबार की समाप्ति से 10 सितंबर 2023 तक छह माह के लिए निदेशाधीन रखा था, जिसकी वैधता अवधि को पिछली बार दिनांक 5 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-79/12.28.319/2024-25 द्वारा 10 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि कारवार अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, कारवार को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 12 जून 2024 के निदेश सं. CO.DOS.SED.No.S1932/12-23-065/2024-2025 के माध्यम से 12 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा पिछली बार इसे दिनांक 6 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-83/12-23-065/2024-2025 द्वारा 12 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जन हित में, उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 12 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि कारवार अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, कारवार को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 12 जून 2024 के निदेश सं. CO.DOS.SED.No.S1932/12-23-065/2024-2025 के माध्यम से 12 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा पिछली बार इसे दिनांक 6 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-83/12-23-065/2024-2025 द्वारा 12 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जन हित में, उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 12 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश CO.DOS.SED.No.S8240/12-22-493/2022-2023 द्वारा पुणे सहकारी बैंक लिमिटेड, शिवाजीनगर, पुणे, महाराष्ट्र को 10 मार्च 2023 को कारोबार की समाप्ति से छह महीने की अवधि के लिए निदेशाधीन रखा था। इन निदेशों की वैधता अवधि को समय-समय पर बढ़ाया गया और पिछली बार इसे 10 मार्च 2025 तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश CO.DOS.SED.No.S8240/12-22-493/2022-2023 द्वारा पुणे सहकारी बैंक लिमिटेड, शिवाजीनगर, पुणे, महाराष्ट्र को 10 मार्च 2023 को कारोबार की समाप्ति से छह महीने की अवधि के लिए निदेशाधीन रखा था। इन निदेशों की वैधता अवधि को समय-समय पर बढ़ाया गया और पिछली बार इसे 10 मार्च 2025 तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत नेशनल मर्केंटाइल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, लखनऊ को दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश सं. LKO.DOS.SED.No.S875/10-03-759/2022-2023 के माध्यम से 10 सितंबर 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा पिछली बार इसे दिनांक 5 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-81/12-28-015/2024-2025 द्वारा 10 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जनहित में, उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 10 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत नेशनल मर्केंटाइल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, लखनऊ को दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश सं. LKO.DOS.SED.No.S875/10-03-759/2022-2023 के माध्यम से 10 सितंबर 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा पिछली बार इसे दिनांक 5 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-81/12-28-015/2024-2025 द्वारा 10 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जनहित में, उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 10 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत निदेश – दि अमानाथ को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर – अवधि बढ़ाना
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत निदेश – दि अमानाथ को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर – अवधि बढ़ाना
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत सीकर अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सीकर, राजस्थान को दिनांक 26 अक्तूबर 2018 के निदेश DCBS.CO.BSD-I/D-2/12.27.215/2018-19 के माध्यम से 9 मई 2019 तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा पिछली बार इसे दिनांक 2 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-77/12.27.215/2024-25 द्वारा 9 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जनहित में, उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 9 मार्च 2025 से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत सीकर अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सीकर, राजस्थान को दिनांक 26 अक्तूबर 2018 के निदेश DCBS.CO.BSD-I/D-2/12.27.215/2018-19 के माध्यम से 9 मई 2019 तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा पिछली बार इसे दिनांक 2 दिसंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-77/12.27.215/2024-25 द्वारा 9 मार्च 2025 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जनहित में, उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 9 मार्च 2025 से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत अजिंठा अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक मर्यादित, औरंगाबाद, महाराष्ट्र को दिनांक 28 अगस्त 2023 के निदेश सं. NGP.DoS.SSM 3.No.S675/15.03.302/2023-2024 के माध्यम से 29 फरवरी 2024 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए नि
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत अजिंठा अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक मर्यादित, औरंगाबाद, महाराष्ट्र को दिनांक 28 अगस्त 2023 के निदेश सं. NGP.DoS.SSM 3.No.S675/15.03.302/2023-2024 के माध्यम से 29 फरवरी 2024 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए नि
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 13 फरवरी 2025 को न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, मुंबई पर सर्व समावेशी निदेश (एआईडी) लागू किए थे और बैंक को निदेश दिया था कि वह किसी जमाकर्ता के बचत बैंक या चालू खाते या किसी अन्य खाते से किसी भी राशि के आहरण की अनुमति न दे। इसके बाद रिज़र्व बैंक ने बैंक के बोर्ड का अधिक्रमण कर दिया और एक प्रशासक तथा परामर्शदाताओं की समिति (सीओए) नियुक्त की, जिसकी सूचना 14 फरवरी 2025 की प्रेस प्रकाशनी के माध्यम से दी गई।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 13 फरवरी 2025 को न्यू इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, मुंबई पर सर्व समावेशी निदेश (एआईडी) लागू किए थे और बैंक को निदेश दिया था कि वह किसी जमाकर्ता के बचत बैंक या चालू खाते या किसी अन्य खाते से किसी भी राशि के आहरण की अनुमति न दे। इसके बाद रिज़र्व बैंक ने बैंक के बोर्ड का अधिक्रमण कर दिया और एक प्रशासक तथा परामर्शदाताओं की समिति (सीओए) नियुक्त की, जिसकी सूचना 14 फरवरी 2025 की प्रेस प्रकाशनी के माध्यम से दी गई।
ऋणों पर मोचनरोध प्रभार/ पूर्व भुगतान दंड लगाने पर मौजूदा विनियामक दिशानिर्देशों की समीक्षा के संबंध में 9 अक्तूबर 2024 को विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में की गई घोषणा के अनुसरण में, रिज़र्व बैंक ने आज इस संबंध में मसौदा परिपत्र जारी किया है।
ऋणों पर मोचनरोध प्रभार/ पूर्व भुगतान दंड लगाने पर मौजूदा विनियामक दिशानिर्देशों की समीक्षा के संबंध में 9 अक्तूबर 2024 को विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में की गई घोषणा के अनुसरण में, रिज़र्व बैंक ने आज इस संबंध में मसौदा परिपत्र जारी किया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 23 फरवरी 2023 के निदेश सं. NGP.DOS.SSM 2.No.S1389/15-04-616/2022-2023 द्वारा शंकर राव मोहिते पाटिल सहकारी बैंक लिमिटेड, अकलुज, महाराष्ट्र को 24 अगस्त 2023 तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा जिसकी अवधि को पिछली बार 21 नवंबर 2024 के निदेश सं. DOR.MON/D-74/12.22.275/2024-25 द्वारा 24 फरवरी 2025 को कारोबार समाप्ति तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 23 फरवरी 2023 के निदेश सं. NGP.DOS.SSM 2.No.S1389/15-04-616/2022-2023 द्वारा शंकर राव मोहिते पाटिल सहकारी बैंक लिमिटेड, अकलुज, महाराष्ट्र को 24 अगस्त 2023 तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया तथा जिसकी अवधि को पिछली बार 21 नवंबर 2024 के निदेश सं. DOR.MON/D-74/12.22.275/2024-25 द्वारा 24 फरवरी 2025 को कारोबार समाप्ति तक बढ़ाया गया था।
पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: फ़रवरी 13, 2026