6 जनवरी 2025 को आयोजित राज्य सरकार प्रतिभूतियों की नीलामी का परिणाम निम्नानुसार है: (राशि ₹ करोड़ में) आंध्र प्रदेश एसजीएस 2036 आंध्र प्रदेश एसजीएस 2040 आंध्र प्रदेश एसजीएस 2042 आंध्र प्रदेश एसजीएस 2044 अधिसूचित राशि 1000 1000 1000 1000 अवधि 10 -वर्ष 14 -वर्ष 16 -वर्ष 18 -वर्ष प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां
क्र. सं राज्य/ यूटी जुटाई जाने वाली राशि (₹ करोड़) स्वीकृत राशि (₹ करोड़) कट-ऑफ मूल्य (₹)/ प्रतिफल (%) अवधि (वर्ष) 1. आंध्र प्रदेश 1000 1000 7.53 10 1000 1000 7.64 14 1000 1000 7.61 16
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,70,938.38 5.21 1.99-6.40 I. मांग मुद्रा 18,787.42 5.40 4.50-5.50 II. ट्राइपार्टी रेपो 4,51,651.35 5.15 4.50-5.26 III. बाज़ार रेपो 1,97,591.86 5.32 1.99-5.65 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 2,907.75 5.48 5.45-6.40
विनियमित संस्थाओं के साथ रिज़र्व बैंक की निरंतर बातचीत के एक भाग के रूप में, गवर्नर, भारतीय रिज़र्व बैंक, ने आज मुंबई में चुनिंदा गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफ़सी), जिसमें सरकारी एनबीएफ़सी, आवास वित्त कंपनियाँ (एचएफ़सी) और सूक्ष्म वित्त संस्थान शामिल थे, के प्रबंध निदेशकों और मुख्य कार्यकारी अधिकारियों (एमडी
भुगतान विनियामक बोर्ड की पहली बैठक आज मुंबई में श्री संजय मल्होत्रा, गवर्नर की अध्यक्षता में आयोजित की गई। यह विदित है कि संदाय और निपटान प्रणाली अधिनियम, 2007 में संशोधन के परिणामस्वरूप पीआरबी का गठन
भारतीय रिज़र्व बैंक ने भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 21ए की उप-धारा (1) के अंतर्गत राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली सरकार (जीएनसीटीडी) के साथ करार किया है। दिनांक 9 जनवरी 2026 से प्रभावी इस करार के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक जीएनसीटीडी का सामान्य बैंकिंग कारोबार तथा उनके रुपया सार्वजनिक ऋण का प्रबंधन करेगा।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 3 अक्तूबर 2025 को संबंधित पार्टियों को उधार देने संबंधी आठ निदेशों के मसौदे जारी किए थे, अर्थात : (i) भारतीय रिज़र्व बैंक (वाणिज्यिक बैंक – संबंधित पार्टियों को उधार देना) निदेश, 2025 (ii) भारतीय रिज़र्व बैंक (लघु वित्त बैंक – संबंधित पार्टियों को उधार देना) निदेश, 2025 (iii) भारतीय रिज़र्व बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक – संबंधित पार्टियों को उधार देना) निदेश, 2025
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 2 जनवरी 2026 के आदेश द्वारा शाहा फिनलीज प्राइवेट लिमिटेड, मुंबई (कंपनी) पर भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा जारी ‘उचित व्यवहार संहिता' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹10,000/- (दस हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 58बी(5)(एए) के साथ पठित धारा 58जी(1)(बी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारत सरकार ने निम्नलिखित विवरण के अनुसार ₹29,000 करोड़ की अधिसूचित राशि के लिए दो दिनांकित प्रतिभूतियों की बिक्री (पुनर्निर्गम) की घोषणा की है: क्र. सं. प्रतिभूति चुकौती की तारीख अधिसूचित राशि (₹ करोड़) भारत सरकार की विशिष्ट अधिसूचना नीलामी की तारीख भुगतान की तारीख
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 29 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा, संख्या फाइनेंशियल सर्विसेज़ प्राइवेट लिमिटेड (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी 'अनर्जक आस्तियों की खरीद/बिक्री पर दिशानिर्देश' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹40,000 (चालीस हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 58बी की उप-धारा (5) के खंड (एए) के साथ पठित धारा 58जी की उप-धारा (1) के खंड (बी) के तहत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: फ़रवरी 27, 2026