प्रेस प्रकाशनियां
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 9 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड – परलाखेमुंडी, ओडिशा (बैंक) पर आरबीआई द्वारा द्वारा ‘पर्यवेक्षी कार्रवाई ढांचा (एसएएफ़)’ के अंतर्गत जारी विशिष्ट निदेशों और आरबीआई द्वारा जारी ‘सहकारी बैंकों द्वारा साख सूचना कंपनियों की सदस्यता’ संबंधी कुछ निदेशों के अननुपालन के लिए ₹13,000/- (तेरह हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 9 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड – परलाखेमुंडी, ओडिशा (बैंक) पर आरबीआई द्वारा द्वारा ‘पर्यवेक्षी कार्रवाई ढांचा (एसएएफ़)’ के अंतर्गत जारी विशिष्ट निदेशों और आरबीआई द्वारा जारी ‘सहकारी बैंकों द्वारा साख सूचना कंपनियों की सदस्यता’ संबंधी कुछ निदेशों के अननुपालन के लिए ₹13,000/- (तेरह हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 4 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि यवतमाल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, यवतमाल, महाराष्ट्र (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘संकेंद्रण जोखिम प्रबंधन’, ‘इरादतन चूककर्ताओं और बड़े चूककर्ताओं का निरूपण’ तथा ‘साख सूचना रिपोर्टिंग’ से संबंधित कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹2.25 लाख (दो लाख पच्चीस हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) तथा प्रत्यय विषयक जानकारी कंपनी (विनियमन) अधिनियम, 2005 की धारा 23(4) के साथ पठित धारा 25(1)(iii) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 4 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि यवतमाल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, यवतमाल, महाराष्ट्र (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘संकेंद्रण जोखिम प्रबंधन’, ‘इरादतन चूककर्ताओं और बड़े चूककर्ताओं का निरूपण’ तथा ‘साख सूचना रिपोर्टिंग’ से संबंधित कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹2.25 लाख (दो लाख पच्चीस हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) तथा प्रत्यय विषयक जानकारी कंपनी (विनियमन) अधिनियम, 2005 की धारा 23(4) के साथ पठित धारा 25(1)(iii) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 1 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि असम को-ऑपरेटिव अपेक्स बैंक लिमिटेड, गुवाहाटी (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी 'अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹50,000 (पचास हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है’। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 1 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि असम को-ऑपरेटिव अपेक्स बैंक लिमिटेड, गुवाहाटी (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी 'अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹50,000 (पचास हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है’। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 5 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि पट्टुकोट्टई को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 17 के प्रावधानों के उल्लंघन और आरबीआई द्वारा जारी 'एक्सपोज़र मानदंड और सांविधिक/अन्य प्रतिबंध – शहरी सहकारी बैंक' और 'अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1.50 लाख (एक लाख पचास हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 5 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा दि पट्टुकोट्टई को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 17 के प्रावधानों के उल्लंघन और आरबीआई द्वारा जारी 'एक्सपोज़र मानदंड और सांविधिक/अन्य प्रतिबंध – शहरी सहकारी बैंक' और 'अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1.50 लाख (एक लाख पचास हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 2 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा बंसल क्रेडिट्स लिमिटेड (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी 'भारतीय रिज़र्व बैंक (अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) निदेश के कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए ₹6.20 लाख (छह लाख बीस हजार रूपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 2 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा बंसल क्रेडिट्स लिमिटेड (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी 'भारतीय रिज़र्व बैंक (अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) निदेश के कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए ₹6.20 लाख (छह लाख बीस हजार रूपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 2 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा कीर्तना फिनसर्व लिमिटेड (पूर्ववर्ती कीर्तना फिन्सर्व प्राइवेट लिमिटेड) (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी अभिशासन मुद्दे संबंधी कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 2 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा कीर्तना फिनसर्व लिमिटेड (पूर्ववर्ती कीर्तना फिन्सर्व प्राइवेट लिमिटेड) (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी अभिशासन मुद्दे संबंधी कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 1 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा जम्मू एण्ड कश्मीर बैंक लिमिटेड (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 26ए के प्रावधानों के उल्लंघन तथा भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘आंतरिक ओम्बड्समैन योजना 2018’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹99.30 लाख (निन्यानबे लाख तीस हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46 (4) (i) के साथ पठित धारा 47ए(1) (सी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 1 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा जम्मू एण्ड कश्मीर बैंक लिमिटेड (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 26ए के प्रावधानों के उल्लंघन तथा भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘आंतरिक ओम्बड्समैन योजना 2018’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹99.30 लाख (निन्यानबे लाख तीस हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46 (4) (i) के साथ पठित धारा 47ए(1) (सी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 3 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा ट्रूहोम फाइनेंस लिमिटेड (पहले श्रीराम हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के नाम से जाना जाता था) (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘भारतीय रिज़र्व बैंक (अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)) निदेश’ के कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए ₹3,10,000/- (तीन लाख दस हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड राष्ट्रीय आवास बैंक अधिनियम, 1987 की धारा 52ए के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 3 दिसंबर 2025 के आदेश द्वारा ट्रूहोम फाइनेंस लिमिटेड (पहले श्रीराम हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड के नाम से जाना जाता था) (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘भारतीय रिज़र्व बैंक (अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)) निदेश’ के कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए ₹3,10,000/- (तीन लाख दस हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड राष्ट्रीय आवास बैंक अधिनियम, 1987 की धारा 52ए के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 27 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि कल्लिडैकुरिची को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी ‘पूंजी पर्याप्तता के लिए विवेकपूर्ण मानदंड-'प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक (यूसीबी)' संबंधी संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹50,000/- (पचास हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 27 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि कल्लिडैकुरिची को-ऑपरेटिव अर्बन बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी ‘पूंजी पर्याप्तता के लिए विवेकपूर्ण मानदंड-'प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक (यूसीबी)' संबंधी संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹50,000/- (पचास हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 27 नवंबर के आदेश द्वारा दि अर्नी को-ऑपरेटिव टाउन बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘पूंजी पर्याप्तता पर विवेकपूर्ण मानदंड - प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक (यूसीबी)’, ‘एक्सपोज़र मानदंड और सांविधिक / अन्य प्रतिबंध – यूसीबी’ तथा ‘स्वर्ण ऋण – एकबारगी पुनर्भुगतान – प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 27 नवंबर के आदेश द्वारा दि अर्नी को-ऑपरेटिव टाउन बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘पूंजी पर्याप्तता पर विवेकपूर्ण मानदंड - प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक (यूसीबी)’, ‘एक्सपोज़र मानदंड और सांविधिक / अन्य प्रतिबंध – यूसीबी’ तथा ‘स्वर्ण ऋण – एकबारगी पुनर्भुगतान – प्राथमिक (शहरी) सहकारी बैंक
The Reserve Bank of India (RBI) has, by an order dated November 25, 2025, imposed a monetary penalty of ₹3.10 lakh (Rupees Three lakh ten thousand only) on Mannakrishna Investments Private Limited (the company) for non-compliance with certain provisions of the ‘Master Direction – Reserve Bank of India (Non-Banking Financial Company - Scale Based Regulation) Directions, 2023’ issued by RBI, relating to ‘Governance Issues’. This penalty has been imposed in exercise of powers conferred on RBI under clause (b) of sub-section (1) of Section 58G read with clause (aa) of sub-section (5) of Section 58B of the Reserve Bank of India Act, 1934.
The Reserve Bank of India (RBI) has, by an order dated November 25, 2025, imposed a monetary penalty of ₹3.10 lakh (Rupees Three lakh ten thousand only) on Mannakrishna Investments Private Limited (the company) for non-compliance with certain provisions of the ‘Master Direction – Reserve Bank of India (Non-Banking Financial Company - Scale Based Regulation) Directions, 2023’ issued by RBI, relating to ‘Governance Issues’. This penalty has been imposed in exercise of powers conferred on RBI under clause (b) of sub-section (1) of Section 58G read with clause (aa) of sub-section (5) of Section 58B of the Reserve Bank of India Act, 1934.
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 18 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा एचडीएफसी बैंक लिमिटेड (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 6(1) के साथ पठित धारा 19 (1)(ए) के प्रावधानों के उल्लंघन तथा भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘अग्रिमों पर ब्याज दर’, ‘बैंकों द्वारा वित्तीय सेवाओं की आउटसोर्सिंग में जोखिम प्रबंधन और आचार संहिता पर दिशानिर्देश’ और ‘अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹91.00 लाख (इक्यानवे लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 18 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा एचडीएफसी बैंक लिमिटेड (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 6(1) के साथ पठित धारा 19 (1)(ए) के प्रावधानों के उल्लंघन तथा भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘अग्रिमों पर ब्याज दर’, ‘बैंकों द्वारा वित्तीय सेवाओं की आउटसोर्सिंग में जोखिम प्रबंधन और आचार संहिता पर दिशानिर्देश’ और ‘अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹91.00 लाख (इक्यानवे लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा तुमकूर ग्रेन मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, कर्नाटक (बैंक) पर आरबीआई द्वारा ‘पर्यवेक्षी कार्रवाई ढांचा (एसएएफ़)’ के अंतर्गत जारी विशिष्ट निदेशों के अननुपालन
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा तुमकूर ग्रेन मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, कर्नाटक (बैंक) पर आरबीआई द्वारा ‘पर्यवेक्षी कार्रवाई ढांचा (एसएएफ़)’ के अंतर्गत जारी विशिष्ट निदेशों के अननुपालन
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, कुरनूल, आंध्र प्रदेश (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ धारा पठित धारा 20 के प्रावधानों के उल्लंघन
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, कुरनूल, आंध्र प्रदेश (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ धारा पठित धारा 20 के प्रावधानों के उल्लंघन
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, काकिनाड़ा, आंध्र प्रदेश (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ धारा पठित धारा 20 के प्रावधानों के उल्लंघन के लिए ₹1 लाख (एक लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, काकिनाड़ा, आंध्र प्रदेश (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ धारा पठित धारा 20 के प्रावधानों के उल्लंघन के लिए ₹1 लाख (एक लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि फतेहपुर डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, उत्तर प्रदेश (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी 'अपने ग्राहक को जानिए(केवाईसी)’ संबंधी कतिपय निदेशों के
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 20 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि फतेहपुर डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, उत्तर प्रदेश (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी 'अपने ग्राहक को जानिए(केवाईसी)’ संबंधी कतिपय निदेशों के
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 13 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा ग्लोमोर फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड, ओडिशा (कंपनी) पर आरबीआई द्वारा जारी ‘मास्टर निदेश– भारतीय रिज़र्व बैंक (गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी – मान आधारित विनियमन) निदेश, 2023’ संबंधी कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए ₹4.00 लाख (चार लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 58बी की उपधारा (5) के खंड (एए) के साथ पठित धारा 58जी की उपधारा (1) के खंड (बी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 13 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा ग्लोमोर फाइनेंस प्राइवेट लिमिटेड, ओडिशा (कंपनी) पर आरबीआई द्वारा जारी ‘मास्टर निदेश– भारतीय रिज़र्व बैंक (गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी – मान आधारित विनियमन) निदेश, 2023’ संबंधी कतिपय प्रावधानों के अननुपालन के लिए ₹4.00 लाख (चार लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 58बी की उपधारा (5) के खंड (एए) के साथ पठित धारा 58जी की उपधारा (1) के खंड (बी) के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 14 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि नवादा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बिहार (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ पठित धारा 26ए के प्रावधानों का उल्लंघन तथा आरबीआई द्वारा जारी ' सहकारी बैंकों द्वारा साख सूचना कंपनियों की सदस्यता’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1.50 लाख (एक लाख पचास हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी)
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 14 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि नवादा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बिहार (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ पठित धारा 26ए के प्रावधानों का उल्लंघन तथा आरबीआई द्वारा जारी ' सहकारी बैंकों द्वारा साख सूचना कंपनियों की सदस्यता’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1.50 लाख (एक लाख पचास हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी)
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 12 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा श्री बसवेश्वर सहकारी बैंक नियमिथा, बागलकोट, कर्नाटक (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी ‘आय निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण, प्रावधानीकरण और अन्य संबंधित मामले – यूसीबी’ तथा ‘भारतीय रिज़र्व बैंक (सहकारी बैंकों – जमाराशियों पर ब्याज दर) निदेश, 2016’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1 लाख (एक लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम,1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 12 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा श्री बसवेश्वर सहकारी बैंक नियमिथा, बागलकोट, कर्नाटक (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी ‘आय निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण, प्रावधानीकरण और अन्य संबंधित मामले – यूसीबी’ तथा ‘भारतीय रिज़र्व बैंक (सहकारी बैंकों – जमाराशियों पर ब्याज दर) निदेश, 2016’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1 लाख (एक लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम,1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 12 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि बिग कांचीपुरम को-ऑपरेटिव टाउन बैंक लिमिटेड, तमिल नाडु (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी ' अपने ग्राहक को जानिए’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹50,000/-
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 12 नवंबर 2025 के आदेश द्वारा दि बिग कांचीपुरम को-ऑपरेटिव टाउन बैंक लिमिटेड, तमिल नाडु (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी ' अपने ग्राहक को जानिए’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹50,000/-
पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: फ़रवरी 27, 2026