प्रेस प्रकाशनियां
भारतीय रिज़र्व बैंक ने आज मास्टर निदेश – भारतीय रिज़र्व बैंक (ऋण सूचना रिपोर्टिंग) निदेश, 2025 जारी किया। मास्टर निदेश, रिज़र्व बैंक की विनियमित संस्थाओं (आरई) को जारी किए गए ऋण सूचना रिपोर्टिंग और प्रसार पर मौजूदा अनुदेशों को समेकित करता है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने आज मास्टर निदेश – भारतीय रिज़र्व बैंक (ऋण सूचना रिपोर्टिंग) निदेश, 2025 जारी किया। मास्टर निदेश, रिज़र्व बैंक की विनियमित संस्थाओं (आरई) को जारी किए गए ऋण सूचना रिपोर्टिंग और प्रसार पर मौजूदा अनुदेशों को समेकित करता है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि नैशनल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर (कर्नाटक) का कॉसमॉस को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, (महाराष्ट्र) के साथ स्वैच्छिक समामेलन की योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 44ए की उप-धारा (4) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मंजूरी दी गई है। यह योजना 6 जनवरी 2025 से लागू होगी। दि नैशनल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर (कर्नाटक) की सभी शाखाएँ 6 जनवरी 2025 से कॉसमॉस को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, (महाराष्ट्र) की शाखाओं के रूप में कार्य करेंगी।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि नैशनल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर (कर्नाटक) का कॉसमॉस को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, (महाराष्ट्र) के साथ स्वैच्छिक समामेलन की योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 44ए की उप-धारा (4) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मंजूरी दी गई है। यह योजना 6 जनवरी 2025 से लागू होगी। दि नैशनल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर (कर्नाटक) की सभी शाखाएँ 6 जनवरी 2025 से कॉसमॉस को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, (महाराष्ट्र) की शाखाओं के रूप में कार्य करेंगी।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि अंजनगांव सुरजी नागरी सहकारी बैंक लिमिटेड, अमरावती (महाराष्ट्र) का दि जलगांव पीपुल्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, जलगांव (महाराष्ट्र) के साथ समामेलन की योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 44ए की उप-धारा (4) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मंजूरी दी गई है। यह योजना 01 जनवरी 2025 (बुधवार) से लागू होगी। दि अंजनगांव सुरजी नागरी सहकारी बैंक लिमिटेड, अमरावती (महाराष्ट्र) की सभी शाखाएँ 1 जनवरी 2025 से दि जलगांव पीपुल्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, जलगांव (महाराष्ट्र) की शाखाओं के रूप में कार्य करेंगी।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि अंजनगांव सुरजी नागरी सहकारी बैंक लिमिटेड, अमरावती (महाराष्ट्र) का दि जलगांव पीपुल्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, जलगांव (महाराष्ट्र) के साथ समामेलन की योजना को मंजूरी दे दी है। इस योजना को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 44ए की उप-धारा (4) के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए मंजूरी दी गई है। यह योजना 01 जनवरी 2025 (बुधवार) से लागू होगी। दि अंजनगांव सुरजी नागरी सहकारी बैंक लिमिटेड, अमरावती (महाराष्ट्र) की सभी शाखाएँ 1 जनवरी 2025 से दि जलगांव पीपुल्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, जलगांव (महाराष्ट्र) की शाखाओं के रूप में कार्य करेंगी।
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35 ए के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 7 जुलाई 2022 के निदेश CO.DOS.DSD.No./S2322/12-07-005/2022-23 के माध्यम से सांगली सहकारी बैंक लिमिटेड मुंबई, महाराष्ट्र को 8 जनवरी 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने के लिए निदेश जारी किए थे जिसे समय-समय पर संशोधित
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35 ए के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 7 जुलाई 2022 के निदेश CO.DOS.DSD.No./S2322/12-07-005/2022-23 के माध्यम से सांगली सहकारी बैंक लिमिटेड मुंबई, महाराष्ट्र को 8 जनवरी 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने के लिए निदेश जारी किए थे जिसे समय-समय पर संशोधित
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 27 दिसंबर 2024 के आदेश द्वारा “दि वैशाली शहरी विकास को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, हाजीपुर, जिला वैशाली” का लाइसेंस रद्द कर दिया है। परिणामस्वरूप, उक्त बैंक 30 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति से बैंकिंग कारोबार नहीं कर सकता है। सहकारी समितियों के रजिस्ट्रार, बिहार से भी अनुरोध किया गया है कि वे बैंक का समापन करने और बैंक के लिए एक परिसमापक नियुक्त करने का आदेश जारी करें।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 27 दिसंबर 2024 के आदेश द्वारा “दि वैशाली शहरी विकास को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, हाजीपुर, जिला वैशाली” का लाइसेंस रद्द कर दिया है। परिणामस्वरूप, उक्त बैंक 30 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति से बैंकिंग कारोबार नहीं कर सकता है। सहकारी समितियों के रजिस्ट्रार, बिहार से भी अनुरोध किया गया है कि वे बैंक का समापन करने और बैंक के लिए एक परिसमापक नियुक्त करने का आदेश जारी करें।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 25 सितंबर 2023 के निदेश सं. AMD.DOS.SSM.No.S1053/11-03-039/2023-2024 द्वारा कलर मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, अहमदाबाद को निदेश जारी किए थे, जिसकी वैधता अवधि को दिनांक 24 सितंबर 2024 के निदेश DOR.MON.D-55/12.21.039/2024-25 द्वारा 25 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 25 सितंबर 2023 के निदेश सं. AMD.DOS.SSM.No.S1053/11-03-039/2023-2024 द्वारा कलर मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, अहमदाबाद को निदेश जारी किए थे, जिसकी वैधता अवधि को दिनांक 24 सितंबर 2024 के निदेश DOR.MON.D-55/12.21.039/2024-25 द्वारा 25 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि वैशाली शहरी विकास को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, हाजीपुर, जिला वैशाली को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 13 जून 2023 के निदेश सं. DoS(Patna).Co-op.Bk./No.S50/04.01.009/2023-24 के माध्यम से 14 दिसंबर 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया और पिछली बार इसे दिनांक 10 सितंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-53/12.28.207/2024-25 के माध्यम से 14 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जन हित में, निदेश की उक्त परिचालन की अवधि को 14 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि वैशाली शहरी विकास को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, हाजीपुर, जिला वैशाली को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 13 जून 2023 के निदेश सं. DoS(Patna).Co-op.Bk./No.S50/04.01.009/2023-24 के माध्यम से 14 दिसंबर 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह महीने की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसे समय-समय पर संशोधित किया गया और पिछली बार इसे दिनांक 10 सितंबर 2024 के निदेश DOR.MON/D-53/12.28.207/2024-25 के माध्यम से 14 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति तक बढ़ाया गया था।। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जन हित में, निदेश की उक्त परिचालन की अवधि को 14 दिसंबर 2024 को कारोबार की समाप्ति से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 13 जून 2023 के निदेश CO.DOS.SED.No.S1918/12-22-283/2023-24 द्वारा सावंतवाड़ी अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सावंतवाड़ी को 14 दिसंबर 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह माह की अवधि के लिए निदेशाधीन रखा था। इन निदेशों की वैधता अवधि को समय-समय पर बढ़ाया गया और पिछली बार इसे 14 दिसंबर 2024 तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 13 जून 2023 के निदेश CO.DOS.SED.No.S1918/12-22-283/2023-24 द्वारा सावंतवाड़ी अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सावंतवाड़ी को 14 दिसंबर 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह माह की अवधि के लिए निदेशाधीन रखा था। इन निदेशों की वैधता अवधि को समय-समय पर बढ़ाया गया और पिछली बार इसे 14 दिसंबर 2024 तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि अमानाथ को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 12 जून 2024 के निदेश सं. CO.DOS.SED.No.S1931/12.23.001/2024-2025 के माध्यम से 12 दिसंबर 2024 तक छह माह की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जन हित में उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 12 दिसंबर 2024 से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दि अमानाथ को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बैंगलोर को बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दिनांक 12 जून 2024 के निदेश सं. CO.DOS.SED.No.S1931/12.23.001/2024-2025 के माध्यम से 12 दिसंबर 2024 तक छह माह की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे। भारतीय रिज़र्व बैंक इस बात से संतुष्ट है कि जन हित में उक्त निदेश की परिचालन अवधि को 12 दिसंबर 2024 से आगे बढ़ाया जाना आवश्यक है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश CO.DOS.SED.No.S8240/12-22-493/2022-2023 द्वारा पुणे सहकारी बैंक लिमिटेड, शिवाजीनगर, पुणे, महाराष्ट्र को 10 मार्च 2023 को कारोबार की समाप्ति से छह महीने की अवधि के लिए निदेशाधीन रखा था। इन निदेशों की वैधता अवधि को समय-समय पर बढ़ाया गया और पिछली बार इसे 10 दिसंबर 2024 तक बढ़ाया गया था।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 9 मार्च 2023 के निदेश CO.DOS.SED.No.S8240/12-22-493/2022-2023 द्वारा पुणे सहकारी बैंक लिमिटेड, शिवाजीनगर, पुणे, महाराष्ट्र को 10 मार्च 2023 को कारोबार की समाप्ति से छह महीने की अवधि के लिए निदेशाधीन रखा था। इन निदेशों की वैधता अवधि को समय-समय पर बढ़ाया गया और पिछली बार इसे 10 दिसंबर 2024 तक बढ़ाया गया था।
पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: फ़रवरी 27, 2026