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अधिसूचनाएं
जून 26, 2014
विशेष जांच दल – उच्चतम न्यायालय का निर्णय
आरबीआई/2013-14/663ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.आरसीबी.बीसी.सं.113/03.05.33/2013-14 26 जून 2014 अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारीसभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय/महोदया विशेष जांच दल – उच्चतम न्यायालय का निर्णय माननीय उच्चतम न्यायालय के 04 जुलाई 2011 के निर्णय के अनुसरण में भारत सरकार ने माननीय न्यायमूर्ति एम. बी. शाह की अध्यक्षता में एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है। इस संबंध में माननीय उच्चतम न्यायालय ने निदेश दिया है कि : "राज्य के
आरबीआई/2013-14/663ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.आरसीबी.बीसी.सं.113/03.05.33/2013-14 26 जून 2014 अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारीसभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय/महोदया विशेष जांच दल – उच्चतम न्यायालय का निर्णय माननीय उच्चतम न्यायालय के 04 जुलाई 2011 के निर्णय के अनुसरण में भारत सरकार ने माननीय न्यायमूर्ति एम. बी. शाह की अध्यक्षता में एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है। इस संबंध में माननीय उच्चतम न्यायालय ने निदेश दिया है कि : "राज्य के
जून 16, 2014
अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड/ धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/ आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/ धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों के दायित्व – विदेशी संविभाग निवेशकों (एफपीआई) के लिए केवाईसी मानदंडों का सामंजस्य
आरबीआई/2013-14/644 ग्राआऋवि.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.112/07.51.018/2013-14 16 जून 2014 मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी एडी श्रेणी । राज्य सहकारी बैंक (एसटीसीबी) महोदया / महोदय, अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड/ धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/ आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/ धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों के दायित्व – विदेशी संविभाग निवेशकों (एफपीआई) के लिए केवाईसी मानदंडों का सामंजस्य कृपया पहला द्विमासिक मौद्रिक नीति वक्तव्य 2014-15 देखें
आरबीआई/2013-14/644 ग्राआऋवि.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.112/07.51.018/2013-14 16 जून 2014 मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी एडी श्रेणी । राज्य सहकारी बैंक (एसटीसीबी) महोदया / महोदय, अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड/ धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/ आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/ धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों के दायित्व – विदेशी संविभाग निवेशकों (एफपीआई) के लिए केवाईसी मानदंडों का सामंजस्य कृपया पहला द्विमासिक मौद्रिक नीति वक्तव्य 2014-15 देखें
जून 12, 2014
अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड/धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएलएमए), 2002 के अन्तर्गत बैंकों का दायित्व – पते के प्रमाण पर स्पष्टीकरण
आरबीआई/2013-14/641ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.111/07.51.018/2013-14 12 जून 2014 अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारीसभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक (आरआरबी) औरराज्य/केंद्रीय सहकारी बैंक (एसटीसीबी/सीसीबी) महोदया/महोदय, अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड/धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएलएमए), 2002 के अन्तर्गत बैंकों का दायित्व – पते के प्रमाण पर स्पष्टीकरण कृपया अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) म
आरबीआई/2013-14/641ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.111/07.51.018/2013-14 12 जून 2014 अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारीसभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक (आरआरबी) औरराज्य/केंद्रीय सहकारी बैंक (एसटीसीबी/सीसीबी) महोदया/महोदय, अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड/धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएलएमए), 2002 के अन्तर्गत बैंकों का दायित्व – पते के प्रमाण पर स्पष्टीकरण कृपया अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) म
जून 05, 2014
बैंककारी विधि (संशोधन) अधिनियम 2012 – बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (सहकारी समितियों पर यथा लागू) की धारा 18 और 24 में संशोधन – गैर-अनुसूचित राज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों के लिए आरक्षित नकदी निधि अनुपात (सीआरआर) तथा राज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों के लिए सांविधिक चलनिधि अनुपात (एसएलआर) बनाए रखना
भारिबैं/2013-14/631 ग्राआऋवि.आरसीबी.बीसी.सं. 110/07.51.020/2013-14 जून 5, 2014 सभी राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय/महोदया बैंककारी विधि (संशोधन) अधिनियम 2012 – बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (सहकारी समितियों पर यथा लागू) की धारा 18 और 24 में संशोधन – गैर-अनुसूचितराज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों के लिए आरक्षित नकदी निधि अनुपात (सीआरआर) तथा राज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों के लिए सांविधिक चलनिधि अनुपात (एसएलआर) बनाए रखना भारतीय रिज़र्व
भारिबैं/2013-14/631 ग्राआऋवि.आरसीबी.बीसी.सं. 110/07.51.020/2013-14 जून 5, 2014 सभी राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय/महोदया बैंककारी विधि (संशोधन) अधिनियम 2012 – बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (सहकारी समितियों पर यथा लागू) की धारा 18 और 24 में संशोधन – गैर-अनुसूचितराज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों के लिए आरक्षित नकदी निधि अनुपात (सीआरआर) तथा राज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों के लिए सांविधिक चलनिधि अनुपात (एसएलआर) बनाए रखना भारतीय रिज़र्व
मई 28, 2014
नये राज्य तेलंगाना का बनाया जाना – एसएलबीसी संयोजक के दायित्व का आबंटन
आरबीआई/2013-14/617 ग्राआऋवि.केंका.एलबीएस.सं.13027/02.01.001/2013-14 28 मई 2014 अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सभी एसएलबीसी संयोजक बैंक महोदय/महोदया, नये राज्य तेलंगाना का बनाया जाना – एसएलबीसी संयोजक के दायित्व का आबंटन 1 मार्च 2014 के भारत के राजपत्र 2014 की अधिसूचना सं. 6 के अनुसार देश के 29वें राज्य अर्थात तेलंगाना को बनाया गया है और नियत तारीख 2 जून 2014 निश्चित की गयी है। 2. यह निर्णय किया गया है कि स्टेट बैंक ऑफ हैदराबाद को तेलंगाना राज्य के एसएलबीसी संयोजक का
आरबीआई/2013-14/617 ग्राआऋवि.केंका.एलबीएस.सं.13027/02.01.001/2013-14 28 मई 2014 अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सभी एसएलबीसी संयोजक बैंक महोदय/महोदया, नये राज्य तेलंगाना का बनाया जाना – एसएलबीसी संयोजक के दायित्व का आबंटन 1 मार्च 2014 के भारत के राजपत्र 2014 की अधिसूचना सं. 6 के अनुसार देश के 29वें राज्य अर्थात तेलंगाना को बनाया गया है और नियत तारीख 2 जून 2014 निश्चित की गयी है। 2. यह निर्णय किया गया है कि स्टेट बैंक ऑफ हैदराबाद को तेलंगाना राज्य के एसएलबीसी संयोजक का
मई 27, 2014
अपरिचालित खातों में न्यूनतम शेष नहीं बनाए रखने पर दंडात्मक प्रभार लगाना
आरबीआई/2013-14/611 ग्राआऋवि.आरआरबी.बीसी.सं.105/03.05.33/2013-14 27 मई 2014 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदया / महोदय, अपरिचालित खातों में न्यूनतम शेष नहीं बनाए रखने पर दंडात्मक प्रभार लगाना कृपया 01 अप्रैल 2014 को घोषित प्रथम द्विमासिक मौद्रिक नीति वक्तव्य, 2014-15 का भाग 'ख' देखें जिसमें ग्राहक सुरक्षा के लिए कतिपय उपायों का प्रस्ताव किया गया है, जैसे किसी अपरिचालित खाते में न्यूनतम शेष नहीं बनाए रखने के लिए दंडात्मक प्रभार नहीं लगाया जाना चाहिए। 2. इ
आरबीआई/2013-14/611 ग्राआऋवि.आरआरबी.बीसी.सं.105/03.05.33/2013-14 27 मई 2014 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदया / महोदय, अपरिचालित खातों में न्यूनतम शेष नहीं बनाए रखने पर दंडात्मक प्रभार लगाना कृपया 01 अप्रैल 2014 को घोषित प्रथम द्विमासिक मौद्रिक नीति वक्तव्य, 2014-15 का भाग 'ख' देखें जिसमें ग्राहक सुरक्षा के लिए कतिपय उपायों का प्रस्ताव किया गया है, जैसे किसी अपरिचालित खाते में न्यूनतम शेष नहीं बनाए रखने के लिए दंडात्मक प्रभार नहीं लगाया जाना चाहिए। 2. इ
मई 27, 2014
नाबालिगों के नाम पर बैंक खाते खोलना
आरबीआई/2013-14/610 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी. 104/03.05.33/2013-14 27 मई 2014 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय/महोदया नाबालिगों के नाम पर बैंक खाते खोलना कृपया 12 मई 2014 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं.100/03.05.33/2013-14 का पैरा 4.10 देखें जिसमें क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को सूचित किया गया था कि वे अभिभावक के रूप में माता के साथ नाबालिग खाते (केवल सावधि, बचत और आवर्ती जमा खाते) खोलने की अनुमति दें, बशर्ते ऐसे खातों के परिचालन में सुरक्षा के
आरबीआई/2013-14/610 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी. 104/03.05.33/2013-14 27 मई 2014 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय/महोदया नाबालिगों के नाम पर बैंक खाते खोलना कृपया 12 मई 2014 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं.100/03.05.33/2013-14 का पैरा 4.10 देखें जिसमें क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को सूचित किया गया था कि वे अभिभावक के रूप में माता के साथ नाबालिग खाते (केवल सावधि, बचत और आवर्ती जमा खाते) खोलने की अनुमति दें, बशर्ते ऐसे खातों के परिचालन में सुरक्षा के
मई 27, 2014
अस्थिर दर वाले मीयादी ऋणों पर फोरक्लोजर प्रभार/अवधिपूर्व भुगतान अर्थदंड का लगाया जाना
आरबीआई/2013-14/612 ग्राआऋवि.केंका.आरसीबीडी.आरआरबी.बीसी.सं.102/07.51.013/2013-14 27 मई 2014 अध्यक्षसभी राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक (एसटीसीबी और सीसीबी) सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक (आरआरबी) महोदय /महोदया अस्थिर दर वाले मीयादी ऋणों पर फोरक्लोजर प्रभार/अवधिपूर्व भुगतान अर्थदंड का लगाया जाना कृपया 'आवास ऋण – फोरक्लोजर प्रभार/अवधिपूर्व भुगतान अर्थदंड का लगाया जाना' विषय पर दिनांक 15 जून 2012 का एसटीसीबी और सीसीबी को संबोधित हमारा परिपत्र ग्राआऋवि. केंका.आरसीबीडी.बीसी.स
आरबीआई/2013-14/612 ग्राआऋवि.केंका.आरसीबीडी.आरआरबी.बीसी.सं.102/07.51.013/2013-14 27 मई 2014 अध्यक्षसभी राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक (एसटीसीबी और सीसीबी) सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक (आरआरबी) महोदय /महोदया अस्थिर दर वाले मीयादी ऋणों पर फोरक्लोजर प्रभार/अवधिपूर्व भुगतान अर्थदंड का लगाया जाना कृपया 'आवास ऋण – फोरक्लोजर प्रभार/अवधिपूर्व भुगतान अर्थदंड का लगाया जाना' विषय पर दिनांक 15 जून 2012 का एसटीसीबी और सीसीबी को संबोधित हमारा परिपत्र ग्राआऋवि. केंका.आरसीबीडी.बीसी.स
मई 15, 2014
प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र के अंतर्गत आरआइडीएफ एवं कतिपय अन्य निधियों की गणना
भारिबैं/2013-14/591ग्राआऋवि.केका.प्लान.बीसी.सं.101/04.09.01/2013-14 15 मई 2014 अध्यक्ष/प्रबंध निदेशक/मुख्य कार्यपालक अधिकारी [ सभी अनुसूचित वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोडकर) ] महोदय, प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र के अंतर्गत आरआइडीएफ एवं कतिपय अन्य निधियों की गणना यह निर्णय लिया गया है कि अनुसूचित वाणिज्य बैंकों द्वारा प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र को ऋण देने में कमी के कारण ग्रामीण बुनियादी विकास निधि (आरआइडीएफ) तथा नाबार्ड के पास सुस्थापित कतिपय अन्य न
भारिबैं/2013-14/591ग्राआऋवि.केका.प्लान.बीसी.सं.101/04.09.01/2013-14 15 मई 2014 अध्यक्ष/प्रबंध निदेशक/मुख्य कार्यपालक अधिकारी [ सभी अनुसूचित वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोडकर) ] महोदय, प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र के अंतर्गत आरआइडीएफ एवं कतिपय अन्य निधियों की गणना यह निर्णय लिया गया है कि अनुसूचित वाणिज्य बैंकों द्वारा प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र को ऋण देने में कमी के कारण ग्रामीण बुनियादी विकास निधि (आरआइडीएफ) तथा नाबार्ड के पास सुस्थापित कतिपय अन्य न
मई 12, 2014
क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों में ग्राहक सेवा
भारिबैं/2013-14/589 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं.100/03.05.33/2013-14 12 मई 2014 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीणबैंक महोदय/महोदया, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों में ग्राहक सेवा बैंकिंग उद्योग में ग्राहक सेवा का अत्यधिक महत्व है। आज भारत में वित्तीय सेवाओं के वितरण के लिए बैकिंग प्रणाली की पहुंच संभवत: अधिकतम है और वह वित्तीय सेवाओं के वितरण के लिए मुख्य वाहक का भी कार्य कर रही है। जहां इसकी व्याप्ति दिनोंदिन बढ़ती जा रही है वहीं ग्राहक सेवा की गुणवत्ता और वितरण से मिल
भारिबैं/2013-14/589 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं.100/03.05.33/2013-14 12 मई 2014 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीणबैंक महोदय/महोदया, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों में ग्राहक सेवा बैंकिंग उद्योग में ग्राहक सेवा का अत्यधिक महत्व है। आज भारत में वित्तीय सेवाओं के वितरण के लिए बैकिंग प्रणाली की पहुंच संभवत: अधिकतम है और वह वित्तीय सेवाओं के वितरण के लिए मुख्य वाहक का भी कार्य कर रही है। जहां इसकी व्याप्ति दिनोंदिन बढ़ती जा रही है वहीं ग्राहक सेवा की गुणवत्ता और वितरण से मिल
अप्रैल 25, 2014
क्रॉस बार्डर वायर ट्रांसफर रिपोर्ट की एफआइएननेट गेटवे पर रिपोर्टिंग करना
भारिबैं/2013-14/572ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.97/07.51.018/2013-14 25 अप्रैल 2014 अध्यक्ष/ मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक(आरआरबी) और राज्य/केंद्रीय सहकारी बैंक (एसटीसीबी/सीसीबी) महोदया/महोदय क्रॉस बार्डर वायर ट्रांसफर रिपोर्ट की एफआइएननेट गेटवे पर रिपोर्टिंग करना कृपया 'एफआइएननेट गेटवे पर रिपोर्ट अपलोड करना'' इस विषय पर दिनांक 15 अक्तूबर 2012 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि.केका.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.36/03.05.33(ई)/2012-13 देखें जिसमें
भारिबैं/2013-14/572ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.97/07.51.018/2013-14 25 अप्रैल 2014 अध्यक्ष/ मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक(आरआरबी) और राज्य/केंद्रीय सहकारी बैंक (एसटीसीबी/सीसीबी) महोदया/महोदय क्रॉस बार्डर वायर ट्रांसफर रिपोर्ट की एफआइएननेट गेटवे पर रिपोर्टिंग करना कृपया 'एफआइएननेट गेटवे पर रिपोर्ट अपलोड करना'' इस विषय पर दिनांक 15 अक्तूबर 2012 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि.केका.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.36/03.05.33(ई)/2012-13 देखें जिसमें
मार्च 14, 2014
वार्षिक ऋण योजना – नाबार्ड द्वारा तैयार किए गए क्षमता संबद्ध प्लान (पीएलपी)
आरबीआइ/2013-14/520 ग्राआऋवि.केका.एलबीएस.बीसी.सं.93/02.01.001/2013-14 14 मार्च 2014 अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सभी अग्रणी बैंकों महोदय वार्षिक ऋण योजना – नाबार्ड द्वारा तैयार किए गए क्षमता संबद्ध प्लान (पीएलपी) कृपया आप 11 अप्रैल 2005 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि. केका. एलबीएस.(एसएए) बीसी.93/08.01.00/2004-05 देखें जिसमें क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों सहित सभी अनुसूचित वाणिज्य बैंकों को सूचित किया गया था कि अगस्त/ सितम्बर के दौरान अग्रणी जिला प्रबंधकों द्वारा एक पीएलपी पूर्
आरबीआइ/2013-14/520 ग्राआऋवि.केका.एलबीएस.बीसी.सं.93/02.01.001/2013-14 14 मार्च 2014 अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सभी अग्रणी बैंकों महोदय वार्षिक ऋण योजना – नाबार्ड द्वारा तैयार किए गए क्षमता संबद्ध प्लान (पीएलपी) कृपया आप 11 अप्रैल 2005 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि. केका. एलबीएस.(एसएए) बीसी.93/08.01.00/2004-05 देखें जिसमें क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों सहित सभी अनुसूचित वाणिज्य बैंकों को सूचित किया गया था कि अगस्त/ सितम्बर के दौरान अग्रणी जिला प्रबंधकों द्वारा एक पीएलपी पूर्
मार्च 13, 2014
अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड / धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक / आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी) / धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व – ई-आधार (e-Aadhaar)को पीएमएल नियमावली के अंतर्गत "आधिकारिक रूप से वैध दस्तावेज" के रूप में मान्यता देना
आरबीआई/ 2013-14/518 ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.92/ 07.51.018/2013-14 13 मार्च 2014 अध्यक्ष / मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय, अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड / धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक / आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी) / धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व – ई-आधार (e-Aadhaar)को पीएमएल नियमावली के अंतर्गत "आधिकारिक रूप से वैध दस्तावेज" के रूप में मा
आरबीआई/ 2013-14/518 ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं.92/ 07.51.018/2013-14 13 मार्च 2014 अध्यक्ष / मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय, अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी) मानदंड / धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक / आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी) / धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व – ई-आधार (e-Aadhaar)को पीएमएल नियमावली के अंतर्गत "आधिकारिक रूप से वैध दस्तावेज" के रूप में मा
मार्च 12, 2014
प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र उधार – लक्ष्य और वर्गीकरण –आगे उधार देने हेतु माइक्रो वित्त फाइनांस संस्थाओं को बैंक ऋण – मूल्यन मानदंड
भारिबैं/2013-14/515 ग्राआऋवि.केका.प्लान.बीसी.सं.91/04.09.01/2013-14 12 मार्च 2014 अध्यक्ष/प्रबंध निदेशक/मुख्य कार्यपालक अधिकारी [सभी अनुसूचित वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोडकर) ] महोदय, प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र उधार – लक्ष्य और वर्गीकरण –आगे उधार देने हेतु माइक्रो वित्त फाइनांस संस्थाओं को बैंक ऋण – मूल्यन मानदंड कृपया आप प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र उधार – लक्ष्य और वर्गीकरण पर 1 जुलाई 2013 का हमारा मास्टर परिपत्र ग्राआऋवि.केका.प्लान.बीसी. सं.
भारिबैं/2013-14/515 ग्राआऋवि.केका.प्लान.बीसी.सं.91/04.09.01/2013-14 12 मार्च 2014 अध्यक्ष/प्रबंध निदेशक/मुख्य कार्यपालक अधिकारी [सभी अनुसूचित वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोडकर) ] महोदय, प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र उधार – लक्ष्य और वर्गीकरण –आगे उधार देने हेतु माइक्रो वित्त फाइनांस संस्थाओं को बैंक ऋण – मूल्यन मानदंड कृपया आप प्राथमिकताप्राप्त क्षेत्र उधार – लक्ष्य और वर्गीकरण पर 1 जुलाई 2013 का हमारा मास्टर परिपत्र ग्राआऋवि.केका.प्लान.बीसी. सं.
फ़रवरी 26, 2014
भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची में नाम शामिल करना / में से नाम हटाना – क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक
आरबीआई/2013-14/505 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं./89/03.05.100/2013-14 26 फरवरी 2014 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक प्रिय महोदय, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची में नाम शामिल करना / में से नाम हटाना – क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक हम सूचित करते हैं कि दिनांक 6 जनवरी 2014 के भारत के असाधारण राजपत्र (भाग III खंड 4) में प्रकाशित दिनांक 14 नवम्बर 2013 की अधिसूचना ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.सं. 55/ 03.05.100/2013-14 द्वारा 8 समामेलित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों के नामों का
आरबीआई/2013-14/505 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं./89/03.05.100/2013-14 26 फरवरी 2014 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक प्रिय महोदय, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची में नाम शामिल करना / में से नाम हटाना – क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक हम सूचित करते हैं कि दिनांक 6 जनवरी 2014 के भारत के असाधारण राजपत्र (भाग III खंड 4) में प्रकाशित दिनांक 14 नवम्बर 2013 की अधिसूचना ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.सं. 55/ 03.05.100/2013-14 द्वारा 8 समामेलित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों के नामों का
फ़रवरी 11, 2014
एफसीएनआर (बी) जमाराशियों पर ब्याज दरें
आरबीआई 2013-14/489 ग्राआऋवि.सं. बीसी. आरसीबी. आरआरबी. 87/03.06.33/2013-14 11 फरवरी 2014 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक एफसीएनआर (बी) जमाराशियों पर ब्याज दरें कृपया 2 दिसम्बर 2013 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि .केंका.आरआरबी ..बीसी.सं. 63/03.05.33/ 2013-14 एवं ग्राआऋवि .आरसीबी.बीसी.डीआइआर.सं. 69/07.51.014/2013-14 देखें जिनमें क्रमश: क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (आरआरबी) और राज्य/केंद्रीय सहकारी बैंकों (एसटीसीबी/सीसीबी) को सूचित किया गया था कि 1 वर्ष
आरबीआई 2013-14/489 ग्राआऋवि.सं. बीसी. आरसीबी. आरआरबी. 87/03.06.33/2013-14 11 फरवरी 2014 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक एफसीएनआर (बी) जमाराशियों पर ब्याज दरें कृपया 2 दिसम्बर 2013 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि .केंका.आरआरबी ..बीसी.सं. 63/03.05.33/ 2013-14 एवं ग्राआऋवि .आरसीबी.बीसी.डीआइआर.सं. 69/07.51.014/2013-14 देखें जिनमें क्रमश: क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (आरआरबी) और राज्य/केंद्रीय सहकारी बैंकों (एसटीसीबी/सीसीबी) को सूचित किया गया था कि 1 वर्ष
फ़रवरी 11, 2014
RRB/RCB- FCNR(B)/NRE deposits - Exemption from maintenance of CRR/SLR and Exclusion from Outstanding Advances for Priority Sector Lending for RRBs
RBI/2013-14/486 RPCD.CO.RRB/RCB.BC.No.83/03.05.33/2013-14 February 11, 2014 All Regional Rural Banks/ State and Central Cooperative Banks Dear Sir/Madam, Section 42(1) of the Reserve Bank of India Act, 1934, Section 24 of Banking Regulation Act 1949 and Section 18 and @@NBSP@@24 of the Banking Regulation Act, 1949 (AACS) – FCNR(B)/NRE deposits – Exemption from maintenance of CRR/SLR and Exclusion from Outstanding Advances for Priority Sector Lending for RRBs Please re
RBI/2013-14/486 RPCD.CO.RRB/RCB.BC.No.83/03.05.33/2013-14 February 11, 2014 All Regional Rural Banks/ State and Central Cooperative Banks Dear Sir/Madam, Section 42(1) of the Reserve Bank of India Act, 1934, Section 24 of Banking Regulation Act 1949 and Section 18 and @@NBSP@@24 of the Banking Regulation Act, 1949 (AACS) – FCNR(B)/NRE deposits – Exemption from maintenance of CRR/SLR and Exclusion from Outstanding Advances for Priority Sector Lending for RRBs Please re
जनवरी 29, 2014
भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची में नाम शामिल करना / में से नाम हटाना – क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक
आरबीआई/2013-14/474 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं./81/03.05.100/2013-14 29 जनवरी 2014 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक प्रिय महोदय, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची में नाम शामिल करना / में से नाम हटाना – क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक हम सूचित करते हैं कि दिनांक 5 दिसंबर 2013 के भारत के असाधारण राजपत्र (भाग III खंड 4) में प्रकाशित दिनांक 22 अक्तूबर 2013 की अधिसूचना ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.सं. 46/ 03.05.100/2013-14 द्वारा 5 समामेलित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों के नामों
आरबीआई/2013-14/474 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं./81/03.05.100/2013-14 29 जनवरी 2014 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक प्रिय महोदय, भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की दूसरी अनुसूची में नाम शामिल करना / में से नाम हटाना – क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक हम सूचित करते हैं कि दिनांक 5 दिसंबर 2013 के भारत के असाधारण राजपत्र (भाग III खंड 4) में प्रकाशित दिनांक 22 अक्तूबर 2013 की अधिसूचना ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.सं. 46/ 03.05.100/2013-14 द्वारा 5 समामेलित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों के नामों
जनवरी 09, 2014
अपने ग्राहक को जानिए (केवाइसी) मानदंड/धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व – धारा 13(2) में संशोधन
आरबीआई/2013-14/441 ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं .75/ 07.51.018/2013-14 09 जनवरी 2014 अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय /महोदया अपने ग्राहक को जानिए (केवाइसी) मानदंड/धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व – धारा 13(2) में संशोधन कृपया आप 18 फरवरी 2005 के हमारे दो परिपत्र ग्राआऋवि.सं.आरआरबी.बीसी.सं.81/03.
आरबीआई/2013-14/441 ग्राआऋवि.आरआरबी.आरसीबी.एएमएल.बीसी.सं .75/ 07.51.018/2013-14 09 जनवरी 2014 अध्यक्ष/मुख्य कार्यपालक अधिकारी सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक / राज्य और केंद्रीय सहकारी बैंक महोदय /महोदया अपने ग्राहक को जानिए (केवाइसी) मानदंड/धनशोधन निवारण (एएमएल) मानक/आतंकवाद के वित्तपोषण का प्रतिरोध (सीएफटी)/धनशोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के अंतर्गत बैंकों का दायित्व – धारा 13(2) में संशोधन कृपया आप 18 फरवरी 2005 के हमारे दो परिपत्र ग्राआऋवि.सं.आरआरबी.बीसी.सं.81/03.
दिसंबर 24, 2013
मेघालय राज्य में चार नये जि लों का सृजन – अग्रणी बैंक दायित्व का आबंटन
भारिबैं/2013-14/417 ग्राआऋवि. केका. एलबीएस. बीसी सं.72 /02.08.001/2013-14 दिसंबर 24, 2013 अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सभी अग्रणी बैंक महोदय / महोदया, मेघालय राज्य में चार नये जि लों का सृजन – अग्रणी बैंक दायित्व का आबंटन मेघालय सरकार ने दिनांक 26 जुलाई 2012 की 178, दिनांक 30 जुलाई 2012 की 165, दिनांक 02 अगस्त 2012 की 133 और दिनांक 06 अगस्त 2012 की 163 अधिसूचनाओं द्वारा मेघालय राज्य में चार नये जिलों के निर्माण को अधिसूचित किया है। यह निर्णय लिया गया है कि चार नये जिलों
भारिबैं/2013-14/417 ग्राआऋवि. केका. एलबीएस. बीसी सं.72 /02.08.001/2013-14 दिसंबर 24, 2013 अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक सभी अग्रणी बैंक महोदय / महोदया, मेघालय राज्य में चार नये जि लों का सृजन – अग्रणी बैंक दायित्व का आबंटन मेघालय सरकार ने दिनांक 26 जुलाई 2012 की 178, दिनांक 30 जुलाई 2012 की 165, दिनांक 02 अगस्त 2012 की 133 और दिनांक 06 अगस्त 2012 की 163 अधिसूचनाओं द्वारा मेघालय राज्य में चार नये जिलों के निर्माण को अधिसूचित किया है। यह निर्णय लिया गया है कि चार नये जिलों
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