1. भारतीय रिज़र्व बैंक–देयताएं और आस्तियां * (₹करोड़) मद 2024 2025 घट-बढ़ 4 अक्तूबर 26 सितंबर 3 अक्तूबर सप्ताह वर्ष 1 2 3 4 5 4. ऋण और अग्रिम 4.1 केंद्र सरकार - 0 0 0 0 4.2 राज्य सरकारें 35809 32622 22137 -10485 -13672 * आंकडे अनंतिम हैं; घट-बढ़, यदि कोई है, तो पूर्णांक के कारण है।
रिज़र्व बैंक का अपने विनियामक ढांचे को अनुकूलतम बनाने के लिए निरंतर प्रयास रहा है, जिसमें अन्य बातों के साथ-साथ विनियामक बोझ और अनुपालन लागत को कम करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है, साथ ही मौजूदा अनुदेशों की वैधता का समय पर पुनर्मूल्यांकन भी किया गया है।
नीलामी का परिणाम 6.68% जीएस 2040 6.90% जीएस 2065 I. अधिसूचित राशि 16,000 12,000 II. प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 276 241 (ii) राशि 46,597.600 39,166.110 III. कट-ऑफ मूल्य / प्रतिफल 98.68 96.53 (परिपक्वता प्रतिफल: 6.8219%) (परिपक्वता प्रतिफल: 7.1650%) IV. स्वीकृत प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 64 24 (ii) राशि 15,985.858 11,984.211 V. प्रतिर्स्धी बोलियों के लिए आंशिक आबंटन प्रतिशत 90.4428% 3.7626%
6.68% जीएस 2040 6.90% जीएस 2065 I. अधिसूचित राशि ₹16,000 करोड़ ₹12,000 करोड़ II. कट ऑफ प्रतिफल 98.68/6.8219% 96.53/7.1650% III. नीलामी में स्वीकृत राशि ₹16,000 करोड़ ₹12,000 करोड़ IV. प्राथमिक व्यापारियों का अभिदान शून्य शून्य
अवधि 3-दिवसीय अधिसूचित राशि (₹ करोड़ में) 50,000 प्राप्त बोलियों की कुल राशि (₹ करोड़ में) 37,929 आबंटित राशि (₹ करोड़ में) 37,929
निम्नलिखित सरकारी प्रतिभूतियों की अतिरिक्त प्रतिस्पर्धी हामीदारी (एसीयू) के लिए 10 अक्तूबर 2025 को आयोजित हामीदारी नीलामियों में भारतीय रिज़र्व बैंक ने प्राथमिक व्यापारियों को देय हामीदारी कमीशन के लिए कट-ऑफ दर निम्नानुसार निर्धारित की हैं:
वर्तमान और उभरती चलनिधि स्थितियों की समीक्षा के बाद, शुक्रवार, 10 अक्तूबर 2025 को निम्नानुसार परिवर्ती दर रेपो (वीआरआर) नीलामी आयोजित करने का निर्णय लिया गया है: क्रम संख्या अधिसूचित राशि (₹ करोड़ में) अवधि (दिन) समयावधि प्रत्यावर्तन की तारीख 1 50,000 3 पूर्वाहन 10:15 से पूर्वाहन 10:45 13 अक्तूबर 2025 (सोमवार)
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,49,823.97 5.54 4.50-6.50 I. मांग मुद्रा 20,823.46 5.51 4.75-6.00 II. ट्राइपार्टी रेपो 3,96,728.25 5.55 5.33-6.05 III. बाज़ार रेपो 2,28,270.71 5.51 4.50-6.00 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 4,001.55 5.63 5.50-6.50
श्री शिरिश चन्द्र मुर्मू की उप गवर्नर के रूप में नियुक्ति और कार्यभार ग्रहण करने के परिणामस्वरूप, 9 अक्तूबर 2025 से उप गवर्नरों के बीच पोर्टफोलियो का वितरण निम्नलिखित होगा: नाम विभाग श्री टी रबी शंकर 1. कॉर्पोरेट कार्यनीति और बजट विभाग 2. मुद्रा प्रबंध विभाग 3. बाह्य निवेश और परिचालन विभाग 4. सूचना प्रौद्योगिकी विभाग 5. भुगतान और निपटान प्रणाली विभाग
भारत सरकार की दिनांक 30 सितंबर 2025 की अधिसूचना के अनुसार, श्री शिरिश चन्द्र मुर्मू ने आज (9 अक्तूबर 2025) से तीन वर्ष की अवधि के लिए या अगले आदेश तक, जो भी पहले हो, भारतीय रिज़र्व बैंक के उप गवर्नर के रूप में कार्यभार ग्रहण किया। श्री मुर्मू उप गवर्नर के पद पर पदोन्नत होने से पहले रिज़र्व बैंक के कार्यपालक निदेशक थे।
10 अक्तूबर 2025 को ₹28,000 करोड़ की सरकारी प्रतिभूतियों की बिक्री के लिए हामीदारी नीलामी भारत सरकार ने 10 अक्तूबर 2025 (शुक्रवार) को आयोजित की जाने वाली नीलामियों के माध्यम से निम्नलिखित विवरण के अनुसार सरकारी प्रतिभूतियों की बिक्री (पुनर्निर्गम) की घोषणा की है। दिनांक 14 नवंबर 2007 को अधिसूचित वर्तमान हामीदारी वचनबद्धता योजना के अनुसार, प्रत्येक प्राथमिक व्यापारी (पीडी) के लिए लागू न्यूनतम हामीदारी वचनबद्धता (एमयूसी) और अतिरिक्त प्रतिस्पर्धात्मक हामीदारी (एसीयू) नीलामी के अंतर्गत न्यूनतम बोली वचनबद्धता की राशियाँ निम्नानुसार हैं:
2022-23 की पहली तिमाही से 2025-26 की पहली तिमाही के लिए
अखिल भारतीय आवास मूल्य सूचकांक (एचपीआई)भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) पंजीकरण अधिकारियों से प्राप्त लेनदेन-स्तरीय आँकड़ों के आधार पर तिमाही आधार पर आवास मूल्य सूचकांक (एचपीआई) संकलित करता है। आज, रिज़र्व बैंक ने 2025-26 की पहली तिमाही के लिए आवास मूल्य सूचकांक (एचपीआई) जारी किया,
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने श्री संजय कुमार हाँसदा को 3 मार्च 2025 से कार्यपालक निदेशक (ईडी) के रूप में नियुक्त किया है। श्री हाँसदा ने अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) में ईडी (भारत) के वरिष्ठ परामर्शदाता के रूप में अपनी प्रतिनियुक्ति पूर्ण होने पर 6 अक्तूबर 2025 को बैंक में पुनः रिपोर्ट किया।
कार्यपालक निदेशक के रूप में पदोन्नत होने से पूर्व, श्री हाँसदा, आर्थिक और नीति अनुसंधान विभाग में परामर्शदाता के रूप में कार्यरत थे
9 अूबर 2025 को आयोिजत एक-दवसीय परवत दर ितवत रेपो (वीआरआरआर)
नीलामी का परणाम
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,38,972.88 5.28 4.50-6.30 I. मांग मुद्रा 15,471.12 5.34 4.75-5.40 II. ट्राइपार्टी रेपो 4,14,362.30 5.27 5.24-5.35 III. बाज़ार रेपो 2,04,428.91 5.31 4.50-5.50 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 4,710.55 5.47 5.40-6.30 ख. मीयादी खंड
वर्तमान और उभरती चलनिधि स्थितियों की समीक्षा के बाद, गुरुवार, 9 अक्तूबर 2025 को निम्नानुसार परिवर्ती दर प्रतिवर्ती रेपो (वीआरआरआर) नीलामी आयोजित करने का निर्णय लिया गया है:
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई), ‘आरबीआई कहता है’ (आरबीआई कहता है) पहल के अंतर्गत प्रिंट, टेलीविजन, रेडियो, डिजिटल प्लेटफॉर्म और टेक्स्ट मैसेज जैसे विभिन्न माध्यमों से जन जागरूकता अभियान चला रहा है। अपनी पहुंच का और विस्तार करते हुए, भारतीय रिज़र्व बैंक ने जन जागरूकता संबंधी संदेशों और महत्वपूर्ण अपडेट के बारे में जानकारी प्रदान करने के लिए अप्रैल 2025 में अपने सत्यापित व्हाट्सएप चैनल का लोकार्पण किया था।
जन सामान्य के सूचनाथर् एतारा यह अिधसूिचत कया जाता है क बककारी िविनयमन अिधिनयम, 1949 क धारा 56 के साथ पठत धारा 35ए क उप-धारा (1) के अंतगर्त िनिहत शिय का योग करते ए, भारतीय रज़वर् बक ने दनांक 6 अूबर 2025
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 3 अक्तूबर 2025 को समाप्त सप्ताह के लिए आरक्षित मुद्रा पर आंकड़े आज जारी किए।
(राशि ₹ करोड़ में) नीलामी का परिणाम 91 दिवसीय 182 दिवसीय 364 दिवसीय I. अधिसूचित राशि 7,000 6,000 6,000 II. प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां
I. खज़ाना बिल 91 दिवसीय 182 दिवसीय 364 दिवसीय II. अधिसूचित कुल अंकित मूल्य ₹7,000 करोड़ ₹6,000 करोड़ ₹6,000 करोड़
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,35,290.27 5.26 0.01-6.30 I. मांग मुद्रा 13,405.02 5.35 4.85-5.40 II. ट्राइपार्टी रेपो 3,92,803.30 5.24 5.10-5.30 III. बाज़ार रेपो 2,24,481.40 5.30 0.01-5.50 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 4,600.55 5.45 5.38-6.30 ख. मीयादी खंड
भारतीय रिज़र्व बैंक ने आज सितंबर 2025 माह के लिए स्वचालित मार्ग और अनुमोदन मार्ग दोनों के अंतर्गत समुद्रपारीय प्रत्यक्ष निवेश पर आंकड़े जारी किए है।
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (सहकारी समितियों पर यथा लागू) की धारा 56 के साथ पठित धारा 36 एएए के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, रिज़र्व बैंक ने आज इरिंजालकुडा टाउन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड के निदेशक मंडल को 12 महीने की अवधि के लिए अधिक्रमित कर दिया है। परिणामस्वरूप, रिज़र्व बैंक ने इस अवधि
जन सामान्य के सूचनार्थ एतद्द्वारा यह अधिसूचित किया जाता है कि बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए की उप धारा (1) के अंतर्गत
जन सामान्य के सूचनार्थ एतद्द्वारा यह अधिसूचित किया जाता है कि बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए की उप-धारा (1) के अंतर्गत निहित शक्तियों का प्रयोग करते हुए, भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 6 अक्तूबर 2025 के निदेश
जन सामान्य के सूचनार्थ एतद्द्वारा यह अधिसूचित किया जाता है कि बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए की उप-धारा (1) के अंतर्गत
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत निदेश –
दि शिरपुर मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, शिरपुर, महाराष्ट्र - अवधि बढ़ाना
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत दि शिरपुर मर्चेंट्स को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, शिरपुर, महाराष्ट्र को दिनांक 5 अप्रैल 2024 के
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 6 अक्तूबर 2025 के आदेश द्वारा “जीजामाता महिला सहकारी बैंक लिमिटेड, सतारा, महाराष्ट्र” का लाइसेंस रद्द कर दिया है। बैंक का बैंकिंग लाइसेंस इससे पहले 30 जून 2016 के आदेश द्वारा रद्द किया गया था और बैंक द्वारा की गई अपील पर 23 अक्तूबर 2019 को बहाल कर दिया गया था। अपीलीय प्राधिकारी, जिसने अपील स्वीकार की थी, ने निदेश दिया था कि वित्तीय स्थिति के आकलन हेतु वित्त वर्ष 2013-14 के लिए बैंक
क्लियरकॉर्प डीलिंग सिस्टम्स (इंडिया) लिमिटेड (क्लियरकॉर्प) के एफएक्स-रिटेल प्लेटफॉर्म को भारत बिल भुगतान प्रणाली (भारत कनेक्ट) से संबद्ध कर दिया गया है। इस संबद्धता से सहभागी बैंकों में बैंक खाते रखने वाले व्यक्तिगत ग्राहक, सहभागी बैंकों के सक्षम डिजिटल चैनलों और तृतीय पक्ष एप्लिकेशन प्रदाता (टीपीएपी) के माध्यम
बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत निदेश –
रामगढ़िया को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, नई दिल्ली – अवधि बढ़ाना
भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 56 के साथ पठित धारा 35ए के अंतर्गत रामगढ़िया को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, नई दिल्ली को दिनांक 7 जुलाई 2022 के निदेश सं. DEL.DOS.EXG_SSM.No.S515/12-10-013/2022-2023 के माध्यम से 8 जनवरी 2023 को कारोबार की समाप्ति तक छह माह की अवधि के लिए निदेश जारी किए थे, जिसकी
दिनांक 1 अक्तूबर 2025 के विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में की गई घोषणा के अनुसार, भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने आज निम्नलिखित निदेशों का मसौदा जारी किया: क. भारतीय रिज़र्व बैंक (अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक - ऋण संबंधी जोखिम के लिए पूंजी प्रभार - मानकीकृत दृष्टिकोण) निदेश, 2025 का मसौदा प्रस्तावित निदेश, बैंकिंग पर्यवेक्षण बासेल समिति (बीसीबीएस) द्वारा कार्यान्वित वैश्विक सुधारों के प्रमुख तत्वों में से एक को भारतीय संदर्भ के अनुरूप लागू करने
7 अक्तूबर 2025 को आयोजित राज्य सरकार प्रतिभूतियों की नीलामी का परिणाम निम्नानुसार है: (राशि ₹ करोड़ में) आंध्र प्रदेश एसजीएस 2033 आंध्र प्रदेश एसजीएस 2033 गुजरात एसजीएस 2033 जम्मू और कश्मीर एसजीएस 2037 अधिसूचित राशि 900 1000 2000 400 अवधि 8 -वर्षीय 11 -वर्षीय 8 -वर्षीय 12 -वर्षीय प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 58 129 136 68 (ii) राशि 4480 7510 12280 2505 कट-ऑफ प्रतिफल (%) 7.14 7.27 7.06 7.39 कट-ऑफ मूल्य (₹) 100 100 100 100 स्वीकृत प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 6 18 26 24 (ii) राशि
भारतीय रिज़र्व बैंक ने अपना क्रयादेश पुस्तक, स्टॉक और क्षमता उपयोग सर्वेक्षण (ओबीआईसीयूएस) का 71 वां दौर शुरू किया। यह सर्वेक्षण जुलाई-सितंबर 2025 (2025-26 की दूसरी तिमाही) की संदर्भ अवधि के लिए है। रिज़र्व बैंक विनिर्माण क्षेत्र की क्रयादेश पुस्तक, स्टॉक और क्षमता उपयोग सर्वेक्षण(ओबीआईसीयूएस), 2008 से तिमाही आधार पर आयोजित करता रहा है। इस सर्वेक्षण में प्राप्त की जाने वाली सूचना में संदर्भ तिमाही के दौरान प्राप्त किए गए
भारतीय रिज़र्व बैंक ने आज रिज़र्व बैंक - ओम्बड्समैन योजना, 2025 (योजना) का मसौदा जारी किया। 2. 12 नवंबर 2021 को शुरू की गई रिज़र्व बैंक - एकीकृत ओम्बड्समैन योजना (आरबी-आईओएस), 2021, विनियमित संस्थाओं (आरई) के ग्राहकों को एक तीव्र, लागत-प्रभावी और त्वरित वैकल्पिक शिकायत निवारण तंत्र प्रदान करती है। परिचालनगत अनुभव, हितधारकों की प्रतिक्रिया और वैश्विक सर्वोत्तम पद्धतियों के आधार पर, रिज़र्व बैंक ने इस योजना की व्यापक समीक्षा की है।
रिज़र्व बैंक ने आज मास्टर निदेश- भारतीय रिज़र्व बैंक (विनियमित संस्थाओं के लिए आंतरिक ओम्बड्समैन) निदेश, 2025 का मसौदा जारी किया। 2. रिज़र्व बैंक ने 29 दिसंबर 2023 के मास्टर निदेश - भारतीय रिज़र्व बैंक (विनियमित संस्थाओं के लिए आंतरिक ओम्बड्समैन) निदेश, 2023 के माध्यम से, विभिन्न विनियमित संस्थाओं (आरई) में अस्वीकृत की जा रही ग्राहक शिकायतों की निष्पक्ष समीक्षा हेतु आंतरिक ओम्बड्समैन व्यवस्था को संस्थागत रूप दिया है। आंतरिक ओम्बड्समैन के कामकाज को और मज़बूत बनाने के लिए मौजूदा निदेशों की समग्र समीक्षा की गई है ताकि विनियमित संस्थाओं के स्तर पर ग्राहकों की शिकायतों का त्वरित और सार्थक समाधान किया जा सके।
दिनांक 1 अक्तूबर 2025 के विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में की गई घोषणा के अनुसरण में, रिज़र्व बैंक ने बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 35ए के अंतर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, राज्य सहकारी बैंकों और केंद्रीय सहकारी बैंकों को रिज़र्व बैंक - एकीकृत ओम्बड्समैन योजना, 2021 (योजना) के दायरे में लाने के लिए एक अधिसूचना जारी की है, जो 1 नवंबर 2025 से प्रभावी होगी।
क्र. सं राज्य/यूटी जुटाई जाने वाली राशि (₹ करोड़) स्वीकृत राशि (₹ करोड़) कट-ऑफ मूल्य (₹)/ प्रतिफल (%) अवधि (वर्ष) 1. आंध्र प्रदेश 900 900 7.14 08 1000 1000 7.27 11 2. गुजरात 2000 2000 7.06 08 3. जम्मू और कश्मीर 400 400 7.39 12 4. महाराष्ट्र 1000 1000 7.26 16 1000 1000 7.26 17
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,59,919.69 5.27 4.00-6.35 I. मांग मुद्रा 13,757.99 5.35 4.80-5.40 II. ट्राइपार्टी रेपो 4,11,245.50 5.24 5.00-5.35 III. बाज़ार रेपो 2,30,378.65 5.31 4.00-5.90 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 4,537.55 5.47 5.40-6.35 ख. मीयादी खंड I. सूचना मुद्रा** 3,198.75 5.32 4.75-5.40 II. मीयादी मुद्रा@@ 1,637.50 - 5.35-5.85
भारत सरकार ने निम्नलिखित विवरण के अनुसार ₹28,000 करोड़ की अधिसूचित राशि के लिए दो दिनांकित प्रतिभूतियों की बिक्री (पुनर्निर्गम) की घोषणा की है। क्र. सं. प्रतिभूति चुकौती की तारीख अधिसूचित राशि (₹ करोड़) भारत सरकार की विशिष्ट अधिसूचना नीलामी की तारीख भुगतान की तारीख 1 6.68% जीएस 2040 07 जुलाई 2040 16,000 एफ़ सं. 4(1)-बी (डब्ल्यूएंडएम)/ 2025 दिनांकित 6 अक्तूबर 2025 10 अक्तूबर 2025 (शुक्रवार) 13 अक्तूबर 2025 (सोमवार) 2 6.90% जीएस 2065 15 अप्रैल 2065 12,000 कुल 28,000
मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 0.00 - - I. मांग मुद्रा 0.00 - - II. ट्राइपार्टी रेपो 0.00 - - III. बाज़ार रेपो 0.00 - - IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 0.00 - - मीयादी खंड I. सूचना मुद्रा** 0.00 - - II. मीयादी मुद्रा@@ 0.00 - - III. ट्राइपार्टी रेपो 0.00 - - IV. बाज़ार रेपो 0.00 - - V. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 0.00 - -
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 12,939.95 5.08 4.08-5.29 I. मांग मुद्रा 1,542.85 5.02 4.75-5.24 II. ट्राइपार्टी रेपो 11,187.00 5.10 4.25-5.29 III. बाज़ार रेपो 210.10 4.21 4.08-4.35 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 0.00 - - ख. मीयादी खंड I. सूचना मुद्रा** 8.80 5.00 5.00-5.00 II. मीयादी मुद्रा@@ 0.00 - - III. ट्राइपार्टी रेपो 0.00 - - IV. बाज़ार रेपो 0.00 - - V. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 0.00 - -
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 19,509.60 5.12 4.75-6.30 I. मांग मुद्रा 1,752.10 5.16 4.75-5.40
दिनांक 8 दिसंबर 2023 के विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्यमें की गई घोषणा के अनुसरण में, भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने आज विभिन्न विनियमित संस्थाओं (आरई) द्वारा संबंधित पक्षों को उधार देने संबंधी निम्नलिखित विनियामक ढांचा के मसौदे जारी किए हैं, जिन पर जन सामान्य से टिप्पणियां आमंत्रित की गई हैं:
निम्नलिखित राज्य सरकारों ने नीलामी के माध्यम से कुल ₹ 9,410 करोड़ (अंकित मूल्य) की राशि के लिए स्टॉक की बिक्री का प्रस्ताव किया है। क्र. सं. राज्य/ यूटी जुटाई जाने वाली राशि (₹ करोड़) अवधि (वर्ष) नीलामी का प्रकार 1. आंध्र प्रदेश 900 08 प्रतिफल 1000 11 प्रतिफल 2. गुजरात 2000 08 प्रतिफल 3. जम्मू और कश्मीर 400 12 प्रतिफल 4. महाराष्ट्र 1000 16 प्रतिफल 1000 17 प्रतिफल 1500 10 सितंबर 2025 को जारी 7.18% महाराष्ट्र एसजीएस 2033 का पुनर्निर्गम मूल्य 1500
भारतीय रिज़र्व बैंक ने राज्य सरकारों/ संघ शासित प्रदेशों (यूटी) के परामर्श से घोषणा की है कि अक्तूबर – दिसंबर 2025 तिमाही के लिए राज्य सरकारों/ यूटी द्वारा कुल बाज़ार उधार की मात्रा ₹2,81,865.00 करोड़ रहने की संभावना है। तिमाही के दौरान आयोजित की जाने वाली नीलामियों की साप्ताहिक सूची, उन राज्यों/ यूटी के नामों के साथ जिन्होंने अपनी सहभागिता और अस्थायी सांकेतिक राशि की पुष्टि की है, निम्नानुसार है:
4 अक्तूबर 2025 से 3 अप्रैल 2026 तक की छमाही के लिए भारत सरकार के अस्थिर दर वाले बॉण्ड 2028 (जीओआई एफ़आरबी 2028) पर लागू ब्याज दर 6.22 प्रतिशत प्रति वर्ष होगी।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 1 अक्तूबर 2025 के आदेश द्वारा अमेरिकन एक्सप्रेस बैंकिंग कॉर्प (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘भारतीय रिज़र्व बैंक (क्रेडिट कार्ड और डेबिट कार्ड - जारी और आचार) निदेश, 2022’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹ 31.80 लाख (इकतीस लाख अस्सी हजार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46 (4)(i) के साथ पठित धारा 47ए
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 30 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा दि रानुज नागरिक सहकारी बैंक लिमिटेड, जिला पाटण, गुजरात (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘अग्रिमों का प्रबंधन – शहरी सहकारी बैंक' और 'ग्राहक संरक्षण - अनधिकृत इलेक्ट्रॉनिक बैंकिंग लेनदेन में सहकारी बैंकों के ग्राहकों की देयता को सीमित करना' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹ 3 लाख (तीन लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 1 अक्तूबर 2025 के आदेश द्वारा एचडीबी फाइनेंशियल सर्विसेज लिमिटेड (कंपनी) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘भारतीय रिज़र्व बैंक (अपने ग्राहक को जानिए (केवाईसी)) निदेश, 2016’ के
91-दिवसीय, 182-दिवसीय और 364-दिवसीय खज़ाना बिलों की नीलामी भारतीय रिज़र्व बैंक ने निम्नलिखित विवरणों के अनुसार भारत सरकार के खज़ाना बिलों की नीलामी की घोषणा की: क्रम सं. खज़ाना बिल अधिसूचित राशि (₹ करोड़) नीलामी की तारीख निपटान की तारीख
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 29 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा दि बागलकोट डिस्ट्रिक्ट सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, बागलकोट, कर्नाटक (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ पठित धारा 20 के प्रावधानों के उल्लंघन तथा राष्ट्रीय कृषि और ग्रामीण विकास बैंक (नाबार्ड) द्वारा जारी ‘ऑफसाइट निगरानी प्रणाली - ओएसएस/एफएमएस विवरणी प्रस्तुत करने की नियत तारीखों में संशोधन’ संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹5.50 लाख (पाँच लाख पचास हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बीआर अधिनियम की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 29 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा दि वानियामबाड़ी टाउन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, तमिलनाडु (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा ‘पर्यवेक्षी कार्रवाई ढांचा (एसएएफ)’ के अंतर्गत जारी विशिष्ट निदेशों और
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 29 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा दि हसन डिस्ट्रिक्ट को-ऑपरेटिव सेंट्रल बैंक लिमिटेड, कर्नाटक (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अ
भारतीय रिज़र्व बैंक – बुलेटिन साप्ताहिक सांख्यिकी संपूरक – सारांश
रिज़र्व बैंक ने 19 जून 2024 को ‘एनबीएफसी के लिए स्व-विनियामक संगठनों (एसआरओ) की मान्यता हेतु आवेदन आमंत्रित करना' संबंधी एक प्रेस प्रकाशनी जारी की थी, जिसमें एनबीएफसी क्षेत्र के लिए एसआरओ को मान्यता प्रदान करने हेतु आवेदन आमंत्रित किए गए थे। 2. हमें एनबीएफसी के लिए एसआरओ के
(राशि ₹ करोड़ में) अनुसूचित वाणिज्यिक बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों, लघु वित्त बैंकों और पेमेंट बैंकों सहित) सभी अनुसूचित बैंक 20-सितंबर -2024 05- सितंबर -2025* 19- सितंबर -2025* 20- सितंबर -2024 05- सितंबर -2025* 19- सितंबर -2025* I बैंकिंग प्रणाली के प्रति देयताएं (क) क) बैंकों से मांग और मीयादी जमाराशियां 305203.01 322323.47 319556.99 309831.75
2018 के अंतर्गत बाह्य
वाणिज्यिक उधार ढांचे का मसौदाघोषणा के अनुसार, यह निर्णय लिया गया है कि फेमा, 1999 के अंतर्गत जारी विदेशी मुद्रा प्रबंध (उधार लेना तथा उधार देना) विनियमावली, 2018 में शामिल बाह्य वाणिज्यिक उधार (ईसीबी) से संबंधित विनियमों को युक्तिसंगत बनाया जाए। प्रस्तावित विनियमों की मुख्य विशेषताएं निम्नानुसार हैं:
- उधार लेने की सीमा को उधारकर्ता की वित्तीय क्षमता से जोड़ने का प्रस्ताव है तथा ईसीबी को बाजार द्वारा निर्धारित ब्याज दरों पर जुटाने का प्रस्ताव है।
- अंतिम उपयोग प्रतिबंधों और न्यूनतम औसत परिपक्वता आवश्यकताओं को सरल बनाने का प्रस्ताव है।
दिनांक 1 अक्तूबर 2025 को जारी विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में किए गए घोषणा के अनुसार, यह निर्णय लिया गया है कि फेमा, 1999 के अंतर्गत जारी विदेशी मुद्रा प्रबंध (उधार लेना तथा उधार देना) विनियमावली, 2018 में शामिल बाह्य वाणिज्यिक उधार (ईसीबी) से संबंधित विनियमों को युक्तिसंगत बनाया जाए। प्रस्तावित विनियमों की मुख्य विशेषताएं निम्नानुसार हैं:
(राशि ₹ करोड़ में) नीलामी का परिणाम नई जीएस 2035 I. अधिसूचित राशि 32,000 II. प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 365 (ii) राशि 1,39,545.000 III. कट-ऑफ मूल्य / प्रतिफल 100.00 (परिपक्वता प्रतिफल: 6.4800%) IV. स्वीकृत प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 136 (ii) राशि 31,988.261 V. प्रतिर्स्धी बोलियों के लिए आंशिक आबंटन प्रतिशत 50.2579% (114 बोलियां) VI. भारित औसत मूल्य / प्रतिफल 100.01 (भाऔप्र: 6.4782%) VII. प्राप्त गैर-प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 5 (ii) राशि 11.739 VIII. स्वीकृत गैर-प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 5 (ii) राशि
सरकारी स्टॉक – नीलामी का परिणाम: कट-ऑफ नई जीएस 2035 I. अधिसूचित राशि ₹32,000 करोड़ II. कट ऑफ प्रतिफल 6.48% III. नीलामी में स्वीकृत राशि ₹32,000 करोड़ IV. प्राथमिक व्यापारियों का अभिदान शून्य
दिनांक 1 अक्तूबर 2025 के विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में घोषित किए अनुसार, रिज़र्व बैंक ने 31 मार्च 2016 की अधिसूचना सं. FEMA 22(R)/2016-RB के
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 0.00 - - I. मांग मुद्रा 0.00 - - II. ट्राइपार्टी रेपो 0.00 - - III. बाज़ार रेपो 0.00 - - IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 0.00 - - ख. मीयादी खंड I. सूचना मुद्रा** 0.00 - -
निम्नलिखित सरकारी प्रतिभूतियों की अतिरिक्त प्रतिस्पर्धी हामीदारी (एसीयू) के लिए 3 अक्तूबर 2025 को आयोजित हामीदारी नीलामियों में भारतीय रिज़र्व
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,57,469.95 5.30 3.05-6.40 I. मांग मुद्रा 14,843.86 5.37 4.75-5.45 II. ट्राइपार्टी रेपो 4,20,153.50 5.29 5.15-5.40 III. बाज़ार रेपो 2,18,614.04 5.32 3.05-5.65 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 3,858.55 5.52 5.45-6.40 ख. मीयादी खंड I. सूचना मुद्रा** 69.00 5.33 5.20-5.35
दिनांक 1 अक्तूबर 2025 के विकासात्मक और विनियामक नीतियों पर वक्तव्य में की गई घोषणा के अनुसरण में, भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने आज सार्वजनिक टिप्पणियों के लिए निम्नलिखित निदेशों/ परिपत्रों के मसौदे जारी किए हैं:
सितंबर 2025 के महीने के दौरान नागरिक चार्टर के अंतर्गत निष्पादन का विश्लेषण किया गया है और उसका सारांश नीचे दिया गया है – विवरण आवेदनों की सं. ए महीने की शुरुआत में लंबित आवेदन 3,124 बी माह के दौरान प्राप्त आवेदन 23,548 सी अतिरिक्त जानकारी के लिए आवेदकों को वापस भेजा गया 346 डी कुल (ए+बी-सी) 26,326
भारतीय रिज़र्व बैंक ने दिनांक 19 मई 2023 की प्रेस प्रकाशनी 2023-2024/257 के माध्यम से ₹2000 मूल्यवर्ग के बैंकनोटों को संचलन से वापस लेने की घोषणा की थी। ₹2000 के बैंकनोटों को वापस लेने संबंधी स्थिति को भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा समय-समय पर प्रकाशित किया जाता रहा है। इस संबंध में पिछली प्रेस प्रकाशनी 1 सितंबर 2025 को प्रकाशित की गई थी।
As announced in the Statement on Developmental and Regulatory Policies dated October 01, 2025, the following changes have been made in the extant directions to provide operational flexibility and ease compliance burden on Exporters, Importers and Merchanting Traders:
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 19 सितंबर 2025 को समाप्त पखवाड़े के लिए मुद्रा आपूर्ति पर आंकड़े आज जारी किए।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने आज अपनी वेबसाइट पर निम्नलिखित सर्वेक्षणों के परिणाम जारी किए: i) शहरी उपभोक्ता विश्वास सर्वेक्षण (यूसीसीएस)– सितंबर 2025 ii) परिवारों की मुद्रास्फीति प्रत्याशा संबंधी सर्वेक्षण (आईईएसएच)– सितंबर 2025
(राशि ₹ करोड़ में) नीलामी का परिणाम 91 दिवसीय 182 दिवसीय 364 दिवसीय I. अधिसूचित राशि 7,000 6,000 6,000 II. प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां (i) संख्या 78 76 85
I. खज़ाना बिल 91 दिवसीय 182 दिवसीय 364 दिवसीय II. अधिसूचित कुल अंकित मूल्य ₹7,000 करोड़ ₹6,000 करोड़ ₹6,000 करोड़ III. कट-ऑफ मूल्य और कट-ऑफ मूल्य पर निहित प्रतिफल 98.6502 (परिपक्वता प्रतिफल: 5.4881%) 97.2883 (परिपक्वता प्रतिफल: 5.5899%) 94.7108 (परिपक्वता प्रतिफल: 5.5999%) IV. स्वीकृत कुल अंकित मूल्य ₹7,000 करोड़ ₹6,000 करोड़ ₹6,000 करोड़
अवधि 2- दिवसीय अधिसूचित राशि (₹ करोड़ में) 1,00,000
भारत सरकार ने 3 अक्तूबर 2025 (शुक्रवार) को आयोजित की जाने वाली नीलामियों के माध्यम से निम्नलिखित विवरण के अनुसार सरकारी प्रतिभूति की बिक्री (र्निर्गम) की घोषणा की है।
यह वक्तव्य (i) विनियमन; (ii) विदेशी मुद्रा प्रबंधन; (iii) उपभोक्ता संरक्षण और (iv) वित्तीय बाजारों से संबंधित विभिन्न विकासात्मक और विनियामक नीति उपायों को निर्धारित करता है।
- विनियमन
- प्रावधानीकरण के लिए अपेक्षित ऋण हानि (ईसीएल) ढांचा
बैंकिंग क्षेत्र की आघात-सहनीयता को मज़बूत करने के उद्देश्य से, अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों (लघु वित्त बैंकों, भुगतान बैंकों और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोड़कर) और अखिल
नमस्कार। नवरात्रि के अंतिम दिन की अनेकानेक बधाई, एवं कल दशहरा और गांधी जयंती की हार्दिक शुभकामनाएं। 2. अगस्त में आयोजित नीति की बैठक के बाद से, तेज़ी से बदलते वैश्विक आर्थिक परिदृश्य के बीच घरेलू स्तर पर हुए महत्वपूर्ण घटनाक्रमों ने भारत में संवृद्धि-मुद्रास्फीति की गतिशीलता की कहानी बदल दी है। अच्छे मानसून से उत्साहित, भारतीय अर्थव्यवस्था 2025-26 की पहली तिमाही में उच्च वृद्धि दर्ज करके मज़बूती का प्रदर्शन जारी रखे हुए है। साथ ही, हेडलाइन मुद्रास्फीति में भी उल्लेखनीय कमी आई है। वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) दरों को युक्तिसंगत बनाने से मुद्रास्फीति पर नरमी का प्रभाव पड़ने की संभावना है, साथ ही उपभोग और संवृद्धि को भी बढ़ावा मिलेगा। दूसरी ओर, टैरिफ़ से निर्यात में कमी आएगी।
मौद्रिक नीति निर्णय मौद्रिक नीति समिति (एमपीसी) की 57वीं बैठक 29 सितंबर से 1 अक्तूबर 2025 तक श्री संजय मल्होत्रा, गवर्नर, भारतीय रिज़र्व बैंक की अध्यक्षता में आयोजित की गई। एमपीसी के सदस्य डॉ. नागेश कुमार, श्री सौगत भट्टाचार्य, प्रो. राम सिंह, डॉ. पूनम गुप्ता और श्री इन्द्रनील भट्टाचार्य बैठक में शामिल हुए। 2. उभरते समष्टि आर्थिक और वित्तीय घटनाक्रमों तथा संभावना का विस्तृत मूल्यांकन करने के बाद, एमपीसी ने सर्वसम्मति से चलनिधि समायोजन सुविधा (एलएएफ) के अंतर्गत नीतिगत रेपो दर को 5.50 प्रतिशत पर अपरिवर्तित रखने का निर्णय लिया; परिणामस्वरूप, स्थायी जमा सुविधा (एसडीएफ) दर 5.25 प्रतिशत पर बनी रहेगी, जबकि सीमांत स्थायी सुविधा (एमएसएफ) दर और बैंक दर 5.75 प्रतिशत पर बनी
(राशि करोड़ रुपये में और दर प्रतिशत में) मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,05,987.13 5.49 0.05-6.15 I. मांग मुद्रा 9,754.15 5.69 4.75-5.85 II. ट्राइपार्टी रेपो 3,99,634.65 5.47 5.00-5.75 III. बाज़ार रेपो 1,92,062.78 5.50 0.05-6.15 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 4,535.55 5.73 5.60-5.90
रिज़र्व बैंक अपने जन जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से जन साधारण को अपने निष्क्रिय खातों को सक्रिय करने और बैंकों से अपनी अदावी जमाराशि का दावा करने के लिए प्रोत्साहित करता आ रहा है। इस प्रयास में, बैंकों को निष्क्रिय खातों को फिर से सक्रिय करने और जमाकर्ता शिक्षा और जागरूकता (डीईए) को
वर्तमान और उभरती चलनिधि स्थितियों की समीक्षा के बाद, बुधवार, 1 अक्तूबर 2025 को निम्नानुसार परिवर्ती दर रेपो (वीआरआर) नीलामी आयोजित करने का निर्णय लिया गया है: क्रम संख्या अधिसूचित राशि (₹ करोड़ में) अवधि (दिन) समयावधि प्रत्यावर्तन की तारीख
भारत सरकार ने 30 सितंबर 2025 की अपनी अधिसूचना के माध्यम से तथा भारतीय रिज़र्व बैंक अधिनियम, 1934 की धारा 8 के उप-धारा (4) के साथ पठित धारा 8 के उप-धारा (1) के खंड (ए) द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए, श्री शिरिश चन्द्र मुर्मू, कार्यपालक निदेशक को 9 अक्तूबर 2025 या उसके बाद पदभार ग्रहण करने की तारीख से तीन वर्ष की अवधि के लिए या अगले आदेश तक, जो भी पहले हो, के लिए भारतीय रिज़र्व बैंक के उप गवर्नर के रूप में नियुक्त किया है।
भारतीय रिज़र्व बैंक(आरबीआई) ने दिनांक 29 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा इंडियन ओवेरसीज़ बैंक (बैंक) पर भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा ‘प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र को उधार(पीएसएल)- लक्ष्य और वर्गीकरण’ के अंतर्गत जारी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹31.80 लाख (इकतीस लाख अस्सी हज़ार रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी
सितंबर 2025 माह के दौरान प्राप्त अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों (एससीबी) (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों और लघु वित्त बैंकों को छोड़कर) के ऋण और जमा दर संबंधी आंकड़े सारणी 1 से 7 में प्रस्तुत किए गए हैं।
आज, भारतीय रिज़र्व बैंक ने जून 2025 की समाप्ति तक के लिए भारत की अंतर्राष्ट्रीय निवेश स्थिति से संबंधित आंकड़े जारी किए [1]। जून 2025 के अंत में भारत की आईआईपी की मुख्य बातें: • 2025-26 की पहली तिमाही के दौरान भारत पर अनिवासियों के निवल दावों में 16.4 बिलियन अमेरिकी डॉलर की गिरावट आई और जून 2025 के अंत तक यह 312.8 बिलियन अमेरिकी डॉलर रहा। यह मुख्य रूप से भारत में विदेशी स्वामित्व वाली आस्तियों (31.4 बिलियन अमेरिकी डॉलर) की तुलना में भारतीय निवासियों की विदेशी वित्तीय आस्तियों (47.8 बिलियन अमेरिकी डॉलर) में अधिक वृद्धि के कारण हुआ (तालिका 1)। भारत की अंतर्राष्ट्रीय देयताओं की तुलना में अंतर्राष्ट्रीय आस्तियों का अनुपात जून 2025 में 79.2
अगस्त 2025 के दौरान सेवाओं के निर्यातों और आयातों का मूल्य निम्नलिखित सारणी में दिया गया है। अंतर्राष्ट्रीय सेवा व्यापार (मिलियन अमेरिकी डॉलर) माह प्राप्तियां (निर्यात) भुगतान (आयात) अप्रैल – 2025 32,853 (8.9) 16,912 (0.9) मई – 2025 32,461 (9.6) 16,697 (-1.1)
जून 2025 के अंत में बाह्य ऋण की स्थिति और पहले की तिमाहियों के संशोधित आँकड़े विवरण I (आईएमएफ प्रारूप ) और II (पुराने प्रारूप) में दिए गए हैं। जून 2025 के अंत में भारत के बाह्य ऋण से संबंधित प्रमुख गतिविधियां नीचे प्रस्तुत हैं। मुख्य बातें • जून 2025 के अंत में, भारत का बाह्य ऋण 747.2 बिलियन अमेरिकी डॉलर था, जो मार्च 2025 के अंत के स्तर से 11.2 बिलियन अमेरिकी डॉलर अधिक है (तालिका 1)।. • जीडीपी की तुलना में बाह्य ऋण का अनुपात मार्च 2025 के अंत में 19.1 प्रतिशत से घटकर जून 2025 के अंत में 18.9 प्रतिशत हो गया।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने आज वर्ष 2025-26 के अप्रैल-जून के लिए अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष के भुगतान संतुलन और अंतरराष्ट्रीय निवेश स्थिति मैनुअल (बीपीएम6) फार्मेट के अनुसार भारत की अदृश्य मदों पर आंकड़े जारी किए।
भारतीय रिज़र्व बैंक ने 26 सितंबर 2025 को समाप्त सप्ताह के लिए आरक्षित मुद्रा पर आंकड़े आज जारी किए।
30 सितंबर 2025 को आयोजित राज्य सरकार प्रतिभूतियों की नीलामी का परिणाम निम्नानुसार है: (राशि ₹ करोड़ में) आंध्र प्रदेश एसजीएस 2045 आंध्र प्रदेश एसजीएस 2046 बिहार एसजीएस 2043 बिहार एसजीएस 2049 अधिसूचित राशि 1000 1000 2000 2000 अवधि 20 -वर्षीय 21 -वर्षीय 18 -वर्षीय 24 -वर्षीय प्राप्त प्रतिस्पर्धी बोलियां
अगस्त 2025 महीने के लिए 41 चुनिंदा अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों (एससीबी) से जुटाए गए बैंक ऋण के क्षेत्रवार अभिनियोजन संबंधी आंकड़े, जो सभी एससीबी के कुल खाद्येतर ऋण का लगभग 95 प्रतिशत होता है, विवरण I और II में दिए गए हैं।
The recent amendments to Section 3 of the Payment and Settlement Systems Act, 2007 (PSS Act, 2007) carried out, vide the Finance Act, 2017 came into effect from May 9, 2025, with issue of the Gazette Notification dated May 06, 2025, by Department of Financial Services, Government of India. With the notification, the erstwhile Board for Regulation and Supervision of Payment and Settlement Systems (BPSS), a committee of the Central Board of the Reserve Bank of India, has been replaced with the Payments Regulatory Board from May 9, 2025. 2. The Payments Regulatory Board has been constituted under Section 3 (2) of PSS Act, 2007 consisting of the following members:
चलनिधि प्रबंधन ढांचे की समीक्षा के लिए आंतरिक कार्य समूह (आईडब्ल्यूजी) की रिपोर्ट 6 अगस्त 2025 को आरबीआई की वेबसाइट पर जारी की गई थी और इस पर हितधारकों और जन सामान्य से 29 अगस्त 2025 तक टिप्पणियां आमंत्रित की गई थीं। रिज़र्व बैंक को विभिन्न हितधारकों से टिप्पणियां प्राप्त हुई हैं। 2. आईडब्ल्यूजी की अनुशंसा के
क्र. सं राज्य जुटाई जाने वाली राशि (₹ करोड़) स्वीकृत राशि (₹ करोड़) कट-ऑफ मूल्य (₹)/ प्रतिफल (%) अवधि (वर्ष) 1. आंध्र प्रदेश 1000 1000 7.50 20 1000 1000 7.50 21 2. बिहार 2000 2000 7.58 18 2000 2000 7.57 24 3. गोवा 100 100 7.37 11 4. हरियाणा 1000 1000 7.43 14 1000 1000 7.44 16 5. केरल 2000 2000 7.49 15
30 सितंबर 2025 को आयोजित एक-दिवसीय परिवर्ती दर रेपो (वीआरआर) नीलामी का परिणाम अवधि 1-दिवसीय अधिसूचित राशि (₹ करोड़ में) 2,00,000 प्राप्त बोलियों की कुल राशि (₹ करोड़ में) 85,197 आबंटित राशि (₹ करोड़ में) 85,197
मुद्रा बाज़ार@ मात्रा (एक चरण) भारित औसत दर सीमा क. ओवरनाइट खंड (I+II+III+IV) 6,43,715.92 5.44 4.75-6.55 I. मांग मुद्रा 17,082.66 5.53 4.75-5.60 II. ट्राइपार्टी रेपो 4,30,875.50 5.40 5.25-5.51 III. बाज़ार रेपो 1,91,663.21 5.52 5.10-6.00 IV. कॉरपोरेट बॉण्ड में रेपो 0.00 - - ख. मीयादी खंड I. सूचना मुद्रा** 30.00 5.00 5.00-5.95 II. मीयादी मुद्रा@@ 549.00 - 5.40-6.50
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने आज सात निदेश/परिपत्र जारी किए, जिनमें बैंकों और अन्य विनियमित संस्थाओं पर लागू मौजूदा निदेश /परिपत्रों में संशोधन का प्रस्ताव किया गया है। इनमें से तीन संशोधन तुरंत प्रभाव से लागू हो जाएंगे (भाग ए), जबकि शेष चार संशोधनों पर जनता से सुझाव मांगे गए हैं (भाग बी)। इन प्रस्तावों की पूरी जानकारी निम्नानुसार है। क. 1 अक्तूबर 2025 से लागू होने वाले निदेश
भारतीय रिज़र्व बैंक 30 सितंबर 2025 को चलनिधि समायोजन सुविधा (एलएएफ़) के अंतर्गत एक-दिवसीय परिवर्ती दर रेपो (वीआरआर) नीलामी आयोजित करेगा वर्तमान और उभरती चलनिधि स्थितियों की समीक्षा के बाद, 30 सितंबर 2025, मंगलवार को निम्नानुसार परिवर्ती दर रेपो (वीआरआर) नीलामी आयोजित करने का निर्णय लिया गया है:
भारत सरकार ने निम्नलिखित विवरण के अनुसार ₹32,000 करोड़ की अधिसूचित राशि के लिए एक दिनांकित प्रतिभूति की बिक्री (र्निर्गम) की घोषणा की है।
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 25 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा बीड डिस्ट्रिक्ट सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, महाराष्ट्र (बैंक) पर बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 (बीआर अधिनियम) की धारा 56 के साथ पठित धारा 26ए के प्रावधानों के उल्लंघन तथा भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा जारी ‘सहकारी बैंकों द्वारा साख सूचना कंपनियों (सीआईसी) की सदस्यता
भारतीय रिज़र्व बैंक (आरबीआई) ने दिनांक 25 सितंबर 2025 के आदेश द्वारा दि पंचशील मर्केंटाइल को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सूरत, गुजरात (बैंक) पर आरबीआई द्वारा जारी 'ग्राहक संरक्षण - अनधिकृत इलेक्ट्रॉनिक बैंकिंग लेनदेन में सहकारी बैंकों के ग्राहकों की देयता को सीमित करना' संबंधी कतिपय निदेशों के अननुपालन के लिए ₹1 लाख (1 लाख रुपये मात्र) का मौद्रिक दंड लगाया है। यह दंड, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 46(4)(i) और 56 के साथ पठित धारा 47ए(1)(सी) के प्रावधानों के अंतर्गत भारतीय रिज़र्व बैंक को प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए लगाया गया है।
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